मधुपुर : गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर एक शाम शहीदों के नाम

मधुपुर : नगर भवन में गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर जनवादीलेखक संघ के बैनर तले एक शाम शहीदों के नाम के तहत देशभक्ति काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का संचालन धनंजय प्रसाद ने किया. कार्यक्रम की अध्यक्षता सलाम कैफी ने की. इस अवसर पर कई कवि व शायरों ने अपनी देश भक्ति […]

मधुपुर : नगर भवन में गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर जनवादीलेखक संघ के बैनर तले एक शाम शहीदों के नाम के तहत देशभक्ति काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का संचालन धनंजय प्रसाद ने किया. कार्यक्रम की अध्यक्षता सलाम कैफी ने की. इस अवसर पर कई कवि व शायरों ने अपनी देश भक्ति रचना सुनाकर माहौल को देशभक्तिमय बना दिया. धनंजय प्रसाद ने गजल की प्रस्तुति करते जान हक परस्ती में अब भी लुटाते हैं, लुटाने वाले और लूट कर खाते हैं, खाने वाले…. सुनाया.

सलाम कैफी ने बड़े पर कैफ है कैफी नगमे, मजा के फिकर व फन बदला है यारों… अजीम मधुपुरी ने हम सभी इक राह के होते हैं मुसाफिर, तो फिर रास्ते पे रास्ता किसलिए है… अरुण निर्झर ने जो भी कुछ दिल से बया होता है, हम चेहरे से अया होते हैं… सुनाया. इसके अलावे अजीम सदाब, अरशद मधुपुरी, रजा मधुपुरी, आलोक मधुपुरी, यमुना रागी, कैशर जया कैशर, विनोद मिश्र व कपिल देव राणा ने भी अपनी रचनाएं सुनायी. मौके पर ताहीर अहमद, सुखदेव वर्मन आदि मौजूद थे.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar digital desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >