अगर दसवीं की छात्रा से झारखंड के मुख्यमंत्री का नाम पूछा जाये और जवाब मिले प्रणब मुखर्जी तो सहज अंदाजा लगाया जा सकता है कि राज्य की शिक्षा व्यवस्था किस ओर जा रही है. निरीक्षण में पूछे गये सवालों का जो जवाब छात्राओं ने दिया वह सरकारी स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था की हकीकत बयां करने के लिए काफी है.
सारठ बाजार: सोमवार को जिला शिक्षा अधीक्षक सीवी सिंह व प्रशिक्षु आइएएस कर्ण सत्यार्थी कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय का औचक निरीक्षण करने पंहुचे..विद्यालय के निरीक्षण के दौरान जब अधिकारी क्लास में पंहुचे तो वर्ग दशम की एक छात्रा से झारखंड के मुख्यमंत्री का नाम पूछा. उसने प्रणव मुखर्जी उत्तर दिया. वहीं झारखंड की राजधानी दिल्ली तथा भारत की राजधानी रांची बताया. सा उत्तर सुनने के बाद शिक्षा में सुधार करने का निर्देश देते हुए दैनिक घटनाओं की जानकारी के लिए छात्राओं को अखबार पढ़ने का निर्देश दिया.
रसोइया की अनुपस्थिति से थे नाराज : वहीं रसोइया के अनुपस्थित रहने पर जिला शिक्षा अधिकारी ने सख्त निर्देश दिया कि अगर रसोइया ठीक से कार्य नही करती है तो उसे हटा दिया जायेगा.
एक शिक्षिका भी मिली अनुपस्थित: एक शिक्षिका नूतन कुमारी के अनुपस्थित पाये जाने पर उनकी हाजिरी काट दी गयी. अधिकारियों ने विद्यालय में सफाई को लेकर भी कई निर्देश दिये. उन्होंने विद्यालय के कैश बुक, चेक निर्गत पंजी, वाउचर पंजी समेत कई पंजियों की जांच की. इस दौरान मौजूद विद्यालय की वार्डनअर्पणा राणा एवं लेखापाल हरेराम सिंह को कई निर्देश दिए गए.
वहीं वार्डन अर्पणा राणा ने विद्यालय की कई समस्याओं से अधिकारियों को अवगत कराया गया. अधिकारियों ने शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए आवश्यक सुझााव मांगा. जिला शिक्षा अधिकारी ने पूछने पर बताया गया कि निरीक्षण में कुछ कमियां थीं जिन्हें दूर करने का निर्देश दिया गया है. मौके पर शिक्षिका कुमारी चंदा आदि मौजूद थीं.
