चाईबासा.
अफीम की खेती पर रोक लगाने और गांवों की छोटी-बड़ी समस्याओं को लेकर गुरुवार को मुफस्सिल (चाईबासा) थाना परिसर में बैठक हुई. इसकी अध्यक्षता सदर अनुमंडल पदाधिकारी संदीप अनुराग टोपनो ने की. बैठक में ग्रामीण मुंडा-मानकी, डाकुवा व जनप्रतिनिधि शामिल रहे. अफीम की अवैध खेती को रोकने व पारंपरिक खेती को बढ़ावा देने के लिए जागरूक किया गया. अफीम के दुष्प्रभावों की जानकारी दी गयी. वहीं, विधि-व्यवस्था पर चर्चा की गयी. मानकी-मुंडा व जनप्रतिनिधियों ने अपने विचार रखे.अक्तूबर माह अफीम के बुआई का समय, इसे पनपने न दें
एसडीओ ने कहा कि अक्तूबर माह अफीम की बोआई का समय है. इस वर्ष भी अफीम की खेती को पनपने न दें. श्री टोपनो ने अफीम के दुष्प्रभाव व संबंधित कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी. अफीम के स्थान पर वैकल्पिक खेती के लिए प्रोत्साहित किया. बताया गया कि नशा के कारण गांवों में जमीन विवाद वृहद रूप ले लेते हैं. इस पर रोक लगायें. एसडीपीओ बहामन टूटी ने कहा कि जिले में अफीम की अवैध खेती की संभावना को नगण्य करने के लिए जागरूक किया गया. मौके पर अंचलाधिकारी उपेंद्र कुमार, मुफस्सिल थाना प्रभारी चंद्रशेखर, थाना क्षेत्र के मानकी-मुंडा, डाकुवा व जनप्रतिनिधि उपस्थित थे.
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