चक्रधरपुर: चक्रधरपुर की होयोहातु पंचायत अंतर्गत टॉयबो से कोटसोना सीमा तक लगभग सवा तीन किलोमीटर लंबी सड़क के मरम्मत कार्य में भारी लापरवाही बरते जाने का मामला सामने आया है. ग्रामीणों की लगातार शिकायतों के बाद होयोहातु पंचायत की उपमुखिया मेचो हांसदा के पति सह समाजसेवी बंगूर हांसदा और सामाजिक कार्यकर्ता सह वार्ड सदस्य राउतु हेम्ब्रम ने बुधवार को मौके पर पहुंचकर जायजा लिया. कार्यस्थल की बदहाल स्थिति को देखकर दोनों जनप्रतिनिधियों ने संवेदक की कार्यशैली पर गहरी नाराजगी जताई है.
खुदा हुआ गड्ढा और वैकल्पिक रास्ते का अभाव
ग्रामीणों और नेताओं ने बताया कि सड़क के बीच कलभट पुलिया के निर्माण के नाम पर बड़ा गड्ढा खोदकर यूं ही छोड़ दिया गया है, लेकिन निर्माण कार्य आगे नहीं बढ़ाया गया है. इस रास्ते से कोटसोना, करंजड़ी, जोमरो, रेलोंग, कोमाय, बुरुहातु, जंबीरा, आरा, बंदुबेरा, डांगिल, मरासुनसून और बोरउली समेत एक दर्जन से अधिक गांवों के लोग झरझरा बाजार आते-जाते हैं.
सबसे बड़ी चिंता यह है कि किसी के बीमार पड़ने या गर्भवती महिलाओं को अस्पताल ले जाने के दौरान इस गड्ढे के कारण एम्बुलेंस व अन्य वाहनों का आवागमन पूरी तरह बाधित हो रहा है. साथ ही, वाहनों और मवेशियों के आने-जाने के लिए कोई वैकल्पिक मार्ग भी नहीं बनाया गया है.
या बने वैकल्पिक रास्ता या जेसीबी से समतल हो गड्ढा
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि संवेदक की लापरावाही के कारण कभी भी कोई बड़ी दुर्घटना हो सकती है. यदि पुलिया का निर्माण करना ही था, तो काम शुरू होने के वक्त ही खुदाई की जानी चाहिए थी.
स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी है कि यदि पुलिया निर्माण में देरी हो रही है, तो तत्काल सड़क के किनारे से आवागमन के लिए वैकल्पिक रास्ता तैयार किया जाए. अन्यथा जेसीबी मशीन लगाकर खोदे गए गड्ढे को तुरंत मिट्टी से समतल किया जाए, ताकि आम जनता और मरीजों की आवाजाही सुचारू और सुरक्षित हो सके.
