चक्रधरपुर.
पोड़ाहाट, सोनुआ और बिला ग्रामीण जलापूर्ति योजना छह साल बीत जाने और करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी अधूरी है. वर्ष 2019-20 में शुरू हुई 58 करोड़ 82 लाख 50 हजार रुपये की इस महत्वाकांक्षी योजना में अब तक 57 करोड़ 92 लाख 7 हजार 119 रुपये की निकासी की जा चुकी है. इसके बावजूद कई क्षेत्रों में जलमीनार और पाइपलाइन का काम अधूरा है, जिससे दो प्रखंडों के 50 से अधिक गांवों में जलापूर्ति ठप है. योजना को चालू कराने की मांग को लेकर गोइलकेरा प्रखंड की बिला पंचायत के ग्रामीणों ने आंदोलन छेड़ दिया है. पिछले दिनों सैकड़ों ग्रामीणों ने चक्रधरपुर स्थित पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के कार्यालय का घेराव किया था. इस जन-आक्रोश के बाद अब विभाग रेस हो गया है और कार्य को गति देने के लिए त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी गयी है.सड़क निर्माण में क्षतिग्रस्त हुई पाइपलाइन, पथ निर्माण विभाग को भेजा जा रहा पत्र :
विभाग के अनुसार, सोनुआ से गजपुर तक सड़क निर्माण के दौरान सोनुआ से विक्रमपुर के बीच करीब 02 किलोमीटर पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गयी है. इसे दुरुस्त करने के लिए पेयजल एवं स्वच्छता विभाग द्वारा पथ निर्माण विभाग को दोबारा पत्राचार किया जा रहा है. इसके तहत क्षतिग्रस्त पाइपलाइन की मरम्मत के लिए लगभग 90 लाख रुपये का नया प्राक्कलन बनाकर भेजा जा रहा है. पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के एसडीओ सिद्धार्थ कांडुलना ने बताया कि इस 90 लाख रुपये की राशि से 02 किलोमीटर तक नयी पाइपलाइन बिछाई जाएगी. पथ निर्माण विभाग से राशि प्राप्त होते ही काम शुरू कर दिया जाएगा, ताकि ग्रामीणों को जल्द से जल्द इस महत्वपूर्ण योजना का लाभ मिल सके.
