Bokaro News : मनमाना बिजली बिल, गंदगी, पानी व कच्ची सड़क की समस्या का करें समाधान

Bokaro News : बीएसएल झोपड़ी कॉलोनी में प्रभात खबर आपके द्वार कार्यक्रम

Bokaro News : धर्मनाथ कुमार, बोकारो. माराफारी थाना क्षेत्र के बीएसएल झोपड़ी कॉलोनी सिनेमा मैदान स्थित अंबेडकर मंच में रविवार को ‘प्रभात खबर आपके द्वार’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया. मौके पर कॉलोनी के दर्जनों लोगों ने बताया कि कॉलोनी में मनमाना बिजली बिल, गंदगी, पानी, कच्ची सड़क, स्वास्थ्य सुविधा नहीं मिलने सहित कई अन्य समस्याएं हैं. कहा कि जनप्रतिनिधि इस कॉलोनी में व्याप्त समस्याओं को दूर करने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखाते हैं. इस कारण भी इस कॉलोनी को समस्याओं से मुक्ति नहीं मिली. कॉलोनी में 45 साल से लोग रहे हैं. यहां की आबादी 15 हजार से अधिक है.

बिना रीडिंग लिये एवरेज बिल भेजे जाने से परेशान हैं लोग :

कॉलोनी के शिव शंकर सिंह, अर्जुन विश्वकर्मा, मनजीत कुमार, बिजेंद्र राम, राजन कुमार, चंद्रशेखर पंडित, बबलू साव, राज सहित अन्य लोगों ने बताया कि विद्युत वितरण कंपनी के कर्मचारियों को हर माह घर-घर जाकर मीटर की रीडिंग करनी है, लेकिन कर्मचारी रीडिंग करने नहीं आते हैं. घर बैठे एवरेज बिल भेज दिया गया है और उपभोक्ताओं को मोबाइल में मैसेज कर दिया गया है. उन्होंने कहा कि कई गरीब परिवारों को तीन से पांच हजार रुपये तक का बिल आया है, उनको 200 यूनिट बिजली फ्री रहने के कारण बिल नहीं चुकाना पड़ता था. लेकिन अब वे बिजली बिल बहुत ज्यादा आने से परेशान हैं. बिजली बिल सुधरवाने के लिए बिजली दफ्तर जाते हैं तो वहां कई बार चक्कर काटना पड़ रहा है. अधिकारी भी ध्यान नहीं देते. शिकायत करने पर जितना यूनिट जलाया गया, उतना बिल भेजा गया है, कह कर पल्ला झाड़ लेते हैं. उपभोक्ताओं ने कहा कि बिजली बिल की वसूली समय पर कर ली जाती है. बिल जमा करने में देर होने पर लाइन काट दी जाती है.

बारिश से कीचड़ से सन जाती है कच्ची सड़क :

कॉलोनी के लोगों ने बताया कि बीएसएल झोपड़ी कॉलोनी की कई सड़कें कच्ची हैं. ऐसे में बारिश के समय सड़क कीचड़ से सन जाती है. पता नहीं कब यह सड़क बनेगी. वहीं, मुख्य सड़क पर स्ट्रीट लाइट नहीं होने से रात के समय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. खासकर महिलाएं, बच्चे और बुजुर्ग अंधेरे रास्तों से गुजरने में असुरक्षित महसूस करते हैं. कई बार अंधेरे का फायदा उठाकर असामाजिक तत्व भी सक्रिय हो जाते हैं. इसके अलावा कॉलोनी व सड़क किनारे कचरों का अंबार लगा हुआ है. सफाई का कोई इंतजाम नहीं, गंदगी की वजह से मुंह पर रूमाल रख कर निकलना पड़ता है. गंदगी की वजह से मच्छरों की भरमार है. कॉलोनी में कचरा उठाव नहीं होने के कारण डायरिया जैसी गंभीर बीमारी का प्रकोप बना रहता है.

खराब पड़े हैं कॉलोनी के कई चापाकल :

गर्मी के मौसम में कॉलोनी में पानी की किल्लत है. कई चापाकल का जलस्तर नीचे चला गया है. कहीं चापाकल में पानी आ भी रहा है, तो पानी के साथ कचरा भी निकल रहा है. ऐसे में पानी पीना, बीमारी को दावत देना है. वहीं, कई चापाकल भी खराब स्थिति में है.

स्वास्थ्य केंद्र भवन की स्थिति दयनीय :

कॉलोनी के लोगों ने कहा कि कॉलोनी में मरीजों की सुविधा के लिए 30 जनवरी 2015 को शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र खोला गया. इसके बाद कॉलोनी सहित आसपास के दर्जनों स्थानों से मरीज स्वास्थ्य सुविधा का लाभ लेने पहुंचते हैं. साथ चिकित्सक व कर्मी तत्परता से मरीज की सेवा भी कर रहे हैं, लेकिन लंबे समय से मरम्मत नहीं होने से स्वास्थ्य केंद्र भवन की स्थिति दयनीय हो गयी है. साथ ही यहां कई जरूरी दवा का भी अभाव रहता है.

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Author: MANOJ KUMAR

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