बोकारो जिला में जनगणना 2027 का प्रथम चरण शुरू कर दिया गया है. शिक्षक, आंगनबाड़ी सेविका, सहायिका, बीएलओ, एएनएम को सुपरवाइजर व प्रगणनक का दायित्व मिला है. किसी प्रगणनक को 50, तो किसी को 450-500 घरों का दायित्व सौंपा गया है. दबी जुबान से सभी इस पर नाइंसाफी की बात कह रहे हैं. चिलचिलाती गर्मी के कारण टीम सुबह पांच बजे से कार्य शुरू कर देती है और रात 10 बजे तक काम चल रहा है. एक टीम में छह लोग शामिल हैं. प्रथम चरण में मकान सूचीकरण का कार्य किया जा रहा है. इसके तहत टीम सदस्य नजीर नक्शा, डोर टू डोर सर्वे के साथ-साथ सभी एकत्रित डाटा को ऑनलाइन अपलोड कर रहे हैं.
आंगनबाड़ी सेविका व सहायिकाओं की परेशानी भी कम नहीं हैं. इनका घर ही कार्यालय बन गया है. सुबह मकान सूचीकरण कार्य के लिए निकलती हैं, तो इनके घर के बाहर बड़ी संख्या में क्षेत्र के लोग मंईयां सम्मान, पेंशन सहित अन्य योजनाओं को लेकर फार्म सत्यापन के लिए इंतजार करते हैं. घर लौटने के बाद फार्म सत्यापन का कार्य शुरू होता है. इसके बाद एसआइआर कार्य को निपटाने में जुट जाती हैं. देर रात तक मकान सूचीकरण कार्य भी करती हैं. हैरत की बात है कि इतना सब करने के बाद भी सेविका व सहायिकाओं को हर दिन सुबह सात बजे से दस बजे तक आंगनबाड़ी केंद्र में रहने का निर्देश है.Bokaro News : किसी प्रगणनक को 50, किसी को 450 घरों की जिम्मेदारी
Bokaro News : बोकारो जिला में जनगणना 2027 का प्रथम चरण शुरू कर दिया गया है.
