बोकारो. पेपर लीक, जंतर-मंतर पर अनशन कर रहे पर्यावरणविद सोनम वांगचुक व छात्र संगठनों के कार्यकर्ताओं पर कथित कार्रवाई के विरोध में सोमवार को भाकपा माले, इंकलाबी नौजवान सभा और छात्र-युवा संगठनों ने बोकारो में आक्रोश मार्च निकाला. एयरपोर्ट से उपायुक्त कार्यालय तक निकाले गए मार्च में बड़ी संख्या में छात्र, युवा और माले कार्यकर्ता शामिल हुए. प्रदर्शनकारियों ने छात्रों के सम्मान में पूरा देश मैदान में, छात्र-युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ बंद करो तथा पेपर लीक के जिम्मेदार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो जैसे नारे लगाए.
उपायुक्त कार्यालय पहुंचने के बाद प्रदर्शन किया गया और उपायुक्त के माध्यम से महामहिम राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया. ज्ञापन में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए पेपर लीक की घटनाओं की निष्पक्ष जांच कराने तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की गयी. कार्यक्रम की अध्यक्षता भाकपा माले के राज्य कमेटी सदस्य दिलीप तिवारी व संचालन जेएन सिंह ने किया. वक्ताओं ने कहा कि पेपर लीक की घटनाएं व्यवस्था में भ्रष्टाचार को उजागर करती हैं और इससे छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है. उन्होंने कहा कि छात्र-युवा आंदोलन अपनी मांगों को लेकर आगे भी जारी रहेगा.
आक्रोश मार्च को भाकपा माले के राज्य स्थायी समिति सदस्य भूवनेश्वर केवट, दिलीप तिवारी, विकास सिंह, सीएसडब्ल्यू के अध्यक्ष राजू दुबे, दुलाल प्रमाणिक, छात्र नेता गुलनार निखत, निक्की चौरसिया, फरीना पुष्पा, आकाश बाउरी, राहुल कुमार, शकूर अंसारी, स्टील राज केवट, अवनीश कुमार यादव, अजय रविदास, राजू महतो, अभिविलाष भगत, नेपाल सिंह सहित अन्य नेताओं ने संबोधित किया. धर्मनाथ कुमार
