रक्षाबंधन के अवसर पर इएसएल स्टील लिमिटेड ने प्रोजेक्ट जीविका के अंतर्गत गिधटांड़ (हुटुपाथर) स्थित जूट मॉडल सेंटर में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया. कार्यक्रम में जूट आधारित आजीविका गतिविधियों से जुड़ी 25 महिला लाभार्थियों ने भाग लिया.
यह पहल इएसएल स्टील के कर्मचारी स्वयंसेवा कार्यक्रम के तहत आयोजित की गयी. इसके माध्यम से कर्मचारियों को समुदाय के साथ सक्रिय रूप से जुड़कर सामुदायिक विकास में योगदान देने के लिए प्रोत्साहित किया जाता है.
जूट मॉडल सेंटर का दौरा भी और लाभार्थियों से संवाद भी
कार्यक्रम में दुर्गा प्रसन्न पांडा, फैक्ट्री मैनेजर, इएसएल स्टील लिमिटेड बिनोद कुमार, हेड-सेफ्टी एंड सस्टेनेबिलिटी, राकेश मिश्रा, मैनेजर-पब्लिक रिलेशंस एंड स्टेकहोल्डर मैनेजमेंट व कुणाल दरीपा, हेड-सीएसआर, इएसएल स्टील लिमिटेड उपस्थित थे. इस दौरान अधिकारियों ने जूट मॉडल सेंटर का दौरा कर महिला लाभार्थियों से संवाद किया तथा उनके जूट उत्पादों और उत्पादन गतिविधियों का अवलोकन किया.
लाभार्थियों में दिखी उद्यम बढ़ाने की आकांक्षा
सीएसआर टीम द्वारा प्रोजेक्ट जीविका व जूट मॉडल सेंटर की गतिविधियों और उद्देश्यों की जानकारी साझा की गई. इस दौरान महिला लाभार्थियों ने अपने अनुभव, उपलब्धियों, चुनौतियों और अपने उद्यम को आगे बढ़ाने की आकांक्षाओं को साझा किया.
आधी आबादी को मिले अवसर का परिवार व समाज पर प्रभाव
रवीश शर्मा सीइओ व आजीवन निदेशक, इएसएल स्टील लिमिटेड ने कहा : रक्षाबंधन विश्वास, सम्मान और मजबूत रिश्तों का पर्व है. प्रोजेक्ट जीविका के माध्यम से हम इसी भावना को समुदाय के साथ एक मजबूत और सार्थक जुड़ाव में बदलने का प्रयास कर रहे हैं.
जब महिलाओं को कौशल, आत्मविश्वास और आर्थिक अवसर मिलते हैं, तो इसका सकारात्मक प्रभाव पूरे परिवार और समाज पर पड़ता है. हमारा उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं के लिए ऐसे स्थायी आजीविका के अवसर तैयार करना है, जो उन्हें आत्मनिर्भर बनने के साथ-साथ अपनी क्षमताओं को आर्थिक अवसरों में बदलने में सक्षम बनाएं.
अधिकारियों ने महिलाओं के प्रयास को सराहा
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अधिकारियों ने महिलाओं द्वारा किये जा रहे प्रयासों और उनकी प्रगति की सराहना की. उन्हें आत्मनिर्भरता, उद्यमिता और स्थायी आजीविका की दिशा में निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया. बसंती देवी सीइओ, जीविका सृजन शक्ति प्रोड्यूसर कं. लि. ने सामूहिक उद्यमिता, बेहतर बाजार संपर्क और महिलाओं के नेतृत्व वाले उद्यमों को मजबूत करने के लिए सहयोगात्मक प्रयासों के महत्व पर प्रकाश डाला.
रक्षाबंधन समारोह बना मजबूत संबंधों का प्रतीक
कार्यक्रम का समापन पारंपरिक रक्षाबंधन समारोह के साथ हुआ, जो आपसी सम्मान, विश्वास और समुदाय एवं इएसएल स्टील के बीच मजबूत संबंधों का प्रतीक बना. यह आयोजन केवल रक्षाबंधन का उत्सव नहीं, बल्कि ग्रामीण महिला उद्यमियों के प्रयासों को सम्मान देने और समावेशी विकास, महिला सशक्तीकरण एवं सतत सामुदायिक विकास के प्रति इएसएल स्टील की प्रतिबद्धता को दोहराने का एक सार्थक अवसर भी रहा.
कंपनी के फोकस में महिलाओं का स्वावलंबन प्रोजेक्ट
जीविका के माध्यम से इएसएल स्टील महिलाओं को कौशल विकास, आजीविका सुदृढ़ीकरण और आर्थिक अवसरों से जोड़ते हुए एक अधिक आत्मनिर्भर और सशक्त ग्रामीण समुदाय के निर्माण की दिशा में निरंतर प्रयासरत है.
