विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 (एसआइआर) के तहत चल रही सुनवाई प्रक्रिया का गुरुवार को जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त अजय नाथ झा ने निरीक्षण किया. उपायुक्त ने अनुमंडल कार्यालय, चास और चास नगर निगम कार्यालय पहुंचकर सुनवाई कार्य की प्रगति की जानकारी ली. इस दौरान उन्होंने संबंधित निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों और सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों से प्रक्रिया की स्थिति के संबंध में जानकारी प्राप्त की.
मतदाताओं से सीधे संवाद कर ली जानकारी
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने सुनवाई के लिए पहुंचे कई मतदाताओं से सीधे संवाद किया. उन्होंने मतदाताओं को जारी नोटिस, उनके द्वारा प्रस्तुत दस्तावेज और मतदाता सूची में दर्ज पूर्व के विवरण के संबंध में जानकारी ली. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक मामले की सुनवाई निर्धारित प्रक्रिया के तहत निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से की जाए.
निर्धारित दस्तावेजों के आधार पर होगी सुनवाई
उपायुक्त ने बताया कि सुनवाई के दौरान निर्वाचन आयोग की ओर से निर्धारित दस्तावेजों में से एक या अधिक दस्तावेज प्रस्तुत किये जा सकते हैं. इनमें सरकारी कर्मचारी या पेंशनभोगी का पहचान पत्र अथवा पेंशन भुगतान आदेश, एक जुलाई 1987 से पहले भारत में सरकार, स्थानीय प्राधिकरण, बैंक, डाकघर, एलआइसी या सार्वजनिक उपक्रम की ओर से जारी पहचान पत्र या प्रमाणपत्र शामिल हैं.
इसके अलावा जन्म प्रमाणपत्र, पासपोर्ट, मैट्रिकुलेशन या अन्य शैक्षणिक प्रमाणपत्र, स्थायी निवास प्रमाणपत्र, वन अधिकार प्रमाणपत्र तथा ओबीसी, एससी या एसटी प्रमाणपत्र भी निर्धारित दस्तावेजों में शामिल हैं.
खतियान और पिछली मतदाता सूची भी मान्य
जहां उपलब्ध हो, वहां राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर, राज्य या स्थानीय अधिकारियों की ओर से तैयार परिवार रजिस्टर, सरकार द्वारा जारी भूमि या मकान आवंटन प्रमाणपत्र, खतियान की प्रति और पिछली विशेष गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची की प्रति भी प्रस्तुत की जा सकती है.
हर मतदाता को पक्ष रखने का मिले अवसर
उपायुक्त अजय नाथ झा ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सुनवाई के दौरान प्रत्येक मतदाता को अपनी बात रखने का पूरा अवसर दिया जाए. निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन करते हुए पूरी प्रक्रिया निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरी की जाए.
मौके पर जिला उप निर्वाचन पदाधिकारी प्रेमचंद सिन्हा, एपीआरओ अविनाश कुमार सिंह समेत संबंधित पदाधिकारी और कर्मी मौजूद थे.
