बोकारो : कौशल विकास का प्रशिक्षण लेने वाले युवाओं को नौकरी के अवसर उपलब्ध कराने से संबंधित इंडस्ट्रीज कनेक्ट कार्यशाला गुरुवार को कैंप दो स्थित जायका हैपीनेस रेस्टोरेंट के सभागार में हुई. बतौर मुख्य अतिथि बोकारो डीसी सह जियाडा के क्षेत्रीय निदेशक मृत्युंजय कुमार बरणवाल ने कार्यशाला का उद्घाटन किया. कहा : स्थानीय औद्योगिक प्रतिष्ठान युवाओं का कौशल विकास कर स्थानीय स्तर पर नियोजन करायें, तो युवाओं को क्षेत्रीय स्तर पर ही रोजगार मिल जायेगा व युवाओं को बोकारो से पलायन करने की जरूरत नहीं पड़ेगी.
बोकारो जिला एक औद्योगिक जिला है. यहां पर छोटे-बड़े कई उद्योग स्थित है. ऐसे में युवाओं का कौशल विकास कर रोजगार के लिए विभिन्न उद्योगों में समायोजित किया जा सकता है. कार्यशाला में राष्ट्रीय कौशल विकास कॉरपोरेशन के सर्वजीत रे, बियाडा इंटरप्रिन्योर फोरम के राजेश प्रसाद सहित अन्य ने भी अपने विचार रखे.
इस दौरान इंडस्ट्रीज कनेक्ट के सहभागी प्रतिनिधियों को उनके क्षेत्रों के अनुसार झारखंड कौशल विकास मिशन के पाठ्यक्रमों, प्रशिक्षण केंद्रों व कौशल क्षमता के विकास करने के तरीकों से अवगत कराया. कार्यशाला में डीडीसी रवि रंजन मिश्रा, डीपीएलआर निदेशक एसएन उपाध्याय,जिला योजना पदाधिकारी-सह-जिला कौशल पदाधिकारी पीबीएन सिंह, एनएसडीसी के विक्रम दास, वेंदांता सीपी पाण्डेय सहित अनेक उद्यमी उपस्थित थे.
एक लाख युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार दिलाने का लक्ष्य : झारखंड कौशल विकास मिशन सोसाइटी के मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी अमर झा ने कहा : पिछले वर्ष राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर 26 हजार से अधिक युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराया गया था. आगामी वर्ष भी राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर एक लाख युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार दिलाने का लक्ष्य झारखंड कौशल विकास मिशन सोसाइटी के द्वारा निर्धारित की गयी है. उनके अनुसार यह चुनौती इंडस्ट्रीज पार्टनर के सहयोग से ही पूरा किया जा सकता है.
