राज्यपाल के जरिये छीने जा रहे हैं मुख्यमंत्रियों के अधिकार,पद समाप्त किया जाये- राघव चड्ढा का बड़ा बयान

आम आदमी पार्टी के नेता राघव चड्ढा ने कहा है कि गैर-बीजेपी शासित राज्यों में यह चलन देखा जा रहा है कि एलजी या राज्यपाल के जरिए सरकारों या मुख्यमंत्रियों के अधिकार छीने जा रहे हैं.

दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार और एलजी के बीच चल रही खींचतान के बीच AAP सांसद राघव चड्ढा का बड़ा बयान सामने आया है. राघव चड्ढा ने कहा है कि प्रदेशों में राज्यपालों और उपराज्यपाल के कार्यालयों को समाप्त कर देना चाहिए. आप सांसद राघव चड्ढा ने राज्यपालों और उपराज्यपाल के कार्यालयों को लेकर कहा है कि यह एक औपनिवेशिक खुमारी है, जिसे देश से हटा देना चाहिए. गौरतलब है कि बीते काफी समय से दिल्ली में सीएम अरविंद केजरीवाल और एलजी वीके सक्सेना के बीच अधिकारों की जंग चल रही है.  

छीने जा रहे हैं मुख्यमंत्रियों के अधिकार
राघव चड्ढा ने कहा है कि गैर-बीजेपी शासित राज्यों में यह चलन देखा जा रहा है कि एलजी या राज्यपाल के जरिए सरकारों या मुख्यमंत्रियों के अधिकार छीने जा रहे हैं. उन्होंने तमिलनाडु के राज्यपाल के एक बयान का हवाला देते हुए कहा कि तमिलनाडु के राज्यपाल ने कहा कि विधायक सेंथिल बालाजी मंत्री बनने के लायक नहीं हैं. उन्होंने कहा कि संविधान स्पष्ट रूप से कहता है कि सीएम के पास कैबिनेट चुनने का पूरा अधिकार है. यह प्रवृत्ति देश के लिए खतरनाक है. मुझे लगता है कि राज्यपालों और उप राज्यपालों के कार्यालयों को समाप्त कर देना चाहिए.

अन्य दलों का समर्थन जुटा रही AAP
गौरतलब है कि दिल्ली में प्रशासनिक सेवाओं पर नियंत्रण के लिए आम आदमी पार्टी सरकार और एलजी के बीच जंग काफी दिनों से जारी है. सुप्रीम कोर्ट के फैसले से इतर केंद्र ने अध्यादेश लाकर दिल्ली की सरकार के अधिकारों को सीमित किया है. उधर केंद्र के अध्यादेश के खिलाफ दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल अन्य पार्टियों का समर्थन जुटा रही है. इसी सिलसिले  में अरविंद केजरीवाल ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से लेकर शिवसेना (UBT) के नेता उद्धव ठाकरे, झारखंड के सीएम हेमंत सोरेन समेत कई और नेताओं से मुलाकात की थी.

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Author: Pritish Sahay

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