Delhi News: बीजेपी विधायकों के निलंबन पर दिल्ली हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, AAP के प्रस्ताव पर हुए थे सस्पेंड

Delhi News: दिल्ली हाईकोर्ट ने सात बीजेपी विधायकों का अनिश्चितकालीन निलंबन रद्द कर दिया है. इन विधायकों पर उप-राज्यपाल विनय कुमार सक्सेना के अभिभाषण को बाधित करने के आरोप थे. जिसके बाद उन्हें विधानसभा से निलंबित कर दिया गया था.

Delhi News: दिल्ली हाई कोर्ट ने आज यानी बुधवार को बड़ा फैसला सुनाते हुए दिल्ली विधानसभा से सात बीजेपी विधायकों का अनिश्चितकालीन निलंबन रद्द कर दिया है. दिल्ली हाईकोर्ट ने इस मामले में 27 फरवरी को फैसला सुरक्षित रख लिया था. इन विधायकों पर उपराज्यपाल विनय कुमार सक्सेना के अभिभाषण को बाधित करने के आरोप थे. जिसके बाद उन्हें विधानसभा से निलंबित कर दिया गया था. आम आदमी पार्टी के विधायक दिलीप कुमार पांडे ने बीजेपी के इन विधायकों के खिलाफ निलंबन का प्रस्ताव रखा था जिसे पारित कर दिया गया था.

हाईकोर्ट ने रद्द किया निलंबन

इसके बाद निलंबित विधायकों में दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया. सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था. आज यानी बुधवार को दिल्ली हाई कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए दिल्ली विधानसभा से सात भाजपा विधायकों के अनिश्चित काल के लिए निलंबन को रद्द कर दिया. कोर्ट के फैसले के बाद बीजेपी विधायक अजय महावर ने कहा कि मैं इसे ‘सत्यमेव जयते’ के रूप में देखता हूं. हमने अपने अनिश्चितकालीन निलंबन के खिलाफ याचिका दायर की थी. निलंबन आज रद्द कर दिया गया. हमने दिल्ली के लोगों की आवाज उठाई थी. हमें गलत तरीके से निलंबित किया गया था. यह एक महत्वपूर्ण बजट सत्र था और हम हमेशा दिल्ली के लोगों की आवाज उठाते हैं. इसलिए, आखिरकार, उच्च न्यायालय ने आज हमें यह राहत दी.

वहीं, कोर्ट के फैसले को लेकर अधिवक्ता हिमांशु पाठक ने कहा कि हाई कोर्ट ने 7 बीजेपी विधायकों के निलंबन मामले में हमारी रिट याचिकाएं मंजूर कर लीं. उन्होंने कहा कि रिट याचिका दो मुद्दों पर दायर की गई थी, पहला प्रस्ताव अवैध था और दूसरा, हमने निलंबन को चुनौती दी थी. गौरतलब है कि बीजेपी के जिन विधायकों को निलंबित किया गया था उनके नाम मोहन सिंह बिष्ट, विजेंद्र गुप्ता, अनिल वाजपेयी, जीतेंद्र महाजन, अभय वर्मा, ओपी वर्मा और अजय महावर हैं.  

क्या है पूरा मामला


गौरतलब है कि दिल्ली विधानसभा में बीजेपी के विधायकों ने 15 फरवरी को एलजी विनय सक्सेना के अभिभाषण के दौरान उन्हें कई बार रोका था. इसके बाद आप विधायक दिलीप कुमार पांडे ने इनकी शिकायत विधानसभा अध्यक्ष राम निवास गोयल से की.ने विधायकों के खिलाफ मिली शिकायत को अध्यक्ष ने विशेषाधिकार समिति के पास भेज दिया था. 

Also Read: Victoria Newland: पुतिन की मुखर विरोधी रहीं विकटोरिया न्यूलैंड होंगी रिटायर, जानें अमेरिकी नौकरशाही में क्या थी हैसियत

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: Pritish Sahay

प्रीतीश सहाय, इन्हें इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री में 12 वर्षों से अधिक का अनुभव है. ये वर्तमान में प्रभात खबर डॉट कॉम के साथ डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं. मीडिया जगत में अपने अनुभव के दौरान उन्होंने कई महत्वपूर्ण विषयों पर काम किया है और डिजिटल पत्रकारिता की बदलती दुनिया के साथ खुद को लगातार अपडेट रखा है. इनकी शिक्षा-दीक्षा झारखंड की राजधानी रांची में हुई है. संत जेवियर कॉलेज से ग्रेजुएट होने के बाद रांची यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की. इसके बाद लगातार मीडिया संस्थान से जुड़े रहे हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत जी न्यूज से की थी. इसके बाद आजाद न्यूज, ईटीवी बिहार-झारखंड और न्यूज 11 में काम किया. साल 2018 से प्रभात खबर के साथ जुड़कर काम कर रहे हैं. प्रीतीश सहाय की रुचि मुख्य रूप से राजनीतिक खबरों, नेशनल और इंटरनेशनल इश्यू, स्पेस, साइंस और मौसम जैसे विषयों में रही है. समसामयिक घटनाओं को समझकर उसे सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाने की इनकी हमेशा कोशिश रहती है. वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय राजनीति से जुड़े मुद्दों पर लगातार लेखन करते रहे हैं. इसके साथ ही विज्ञान और अंतरिक्ष से जुड़े विषयों पर भी लिखते हैं. डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में काम करते हुए उन्होंने कंटेंट प्लानिंग, न्यूज प्रोडक्शन, ट्रेंडिंग टॉपिक्स जैसे कई क्षेत्रों में काम किया है. तेजी से बदलते डिजिटल दौर में खबरों को सटीक, विश्वसनीय और आकर्षक तरीके से प्रस्तुत करना पत्रकारों के लिए चुनौती भी है और पेशा भी, इनकी कोशिश इन दोनों में तालमेल बनाते हुए बेहतर और सही आलेख प्रस्तुत करना है. वे सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म की जरूरतों को समझते हुए कंटेंट तैयार करते हैं, जिससे पाठकों तक खबरें प्रभावी ढंग से पहुंच सकें. इंटरनेशनल विषयों में रुचि होने कारण देशों के आपसी संबंध, वार अफेयर जैसे मुद्दों पर लिखना पसंद है. इनकी लेखन शैली तथ्यों पर आधारित होने के साथ-साथ पाठकों को विषय की गहराई तक ले जाने का प्रयास करती है. वे हमेशा ऐसी खबरों और विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय लिहाज से महत्वपूर्ण हों. रूस यूक्रेन युद्ध, मिडिल ईस्ट संकट जैसे विषयों से लेकर देश की राजनीतिक हालात और चुनाव के दौरान अलग-अलग तरह से खबरों को पेश करते आए हैं.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >