दुस्साहस. शव ठिकाने लगाने जा रहे लोगों को ग्रामीणों ने खदेड़ा
लालगंज : लालगंज थाने के भगवानपुर पकड़ी गांव में रविवार की अहले सुबह पांच बजे तब अफरातफरी मच गयी, जब एक महिला के शव को ठिकाने लगाने ले जा रहे उसके ससुराल वालों को ग्रामीणों ने खदेड़ दिया. इसके बाद महिला के ससुराल वाले महिला के शव को सड़क किनारे फेंक कर भाग खड़े हुए. तत्पश्चात उक्त स्थान पर सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण जुट गये. ग्रामीणों ने महिला के शव की पहचान कर उसके शीतल भकुरहर गांव स्थित मायके वालों को सूचना दी. मौके पर मृतका की मां शांति देवी पहुंच कर अपनी पुत्री 27 वर्षीय अंजू देवी के रूप में उसकी पहचान की. देखते ही देखते उस स्थान पर मृतका अंजू देवी के मायके से भी काफी संख्या में लोग पहुंच कर पुलिस को बुलाने की मांग करने लगे.
पंचायत से मामले का हुआ था निराकरण
पंचायत के मुखिया अजय सहनी एवं परोसी पंचायत के मुखिया टुनटुन पासवान ने मिल कर पंचायत स्तर पर मामले को निबटाने को बात कही. थानाध्यक्ष ओमप्रकाश ने कहा कि मामला थाने में नहीं आया है.
मृतका की मां ने कहा, पति करता था पैसे की मांग
मृतका की मां शांति देवी ने बताया कि करीब पांच साल पहले उनकी पुत्री अंजू की शादी लक्ष्मीनारायणपुर गांव निवासी सूरज पासवान के पुत्र अमरेश पासवान से हुई थी. शादी के करीब एक साल बाद से ही उसका पति शराब पीकर नशे की हालत में पिटाई करता रहता था. इस दौरान उसका पति अमरेश कुमार अपनी पत्नी अंजू देवी से मायके वालों से पैसे मांगने को कहता था. मृतका की मां ने यह भी बताया कि मारपीट की वजह से उसकी पुत्री काफी दिनों से मायके में ही रह रही थी. बीते शनिवार को उसका दामाद शीतल भकुरहर पहुंच कर बुला लाया था.
हत्या का आरोप लगाया
मृतका की मां ने अपनी बेटी की गला दबा कर हत्या करने का आरोप दामाद एवं ससुराल वालों पर लगाया. इस दौरान उसने कहा कि मैंने लालगंज थाने को टेलीफोन किया है, परंतु पुलिस नहीं आ रही है. घटना के बाद ससुरालवाले मृतका की चार वर्षीय बच्ची लापता है, इसको लेकर भी लोग सशंकित हैं.
