हाजीपुर : राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के चंपारण सत्याग्रह के तर्ज पर बिहार माध्यमिक शिक्षक संघ की जिला शाखा की ओर से जारी आंदोलन मांगें पूरी नहीं होने तक जारी रहेगा. जिले के तीनों मूल्यांकन केंद्रों पर शिक्षा सत्याग्रह के नाम से संघ आंदोलन चला रहा है. आंदोलन के दौरान मैट्रिक मूल्यांकन कार्य का पूर्णत: बहिष्कार किया जा रहा है. जिस तरह चंपारण सत्याग्रह के द्वारा अंग्रेजी हुकूमत से राष्ट्रपिता ने लोहा लिया था. ठीक उसी तरह संघ भी राज्य सरकार से लोहा लेने का मन बना चुका है.
शिक्षा सत्याग्रहियों ने पांचवें दिन भी तीनों मूल्यांकन केंद्र पर सरकार के विरुद्ध एवं अपनी मांगों के समर्थन में डटे रहने का संकेत दिया. संघ के जिलाध्यक्ष अखिलेस झा एवं जिला सचिव अमीर प्रसाद ने एक संयुक्त बयान जारी कर कहा कि वेतनमान सहित अन्य मांगों को जब तक सरकार स्वीकार नहीं कर लेती, तब तक शिक्षा सत्याग्रह जारी रहेगा. उन्होंने कहा कि एक लोकतांत्रिक पद्धति से चुनी गयी सरकार से यह अपेक्षा होती है कि वह अपने कर्मचारियों एवं नागरिकों की सुख-सुविधा का पूरा-पूरा ख्याल रखे.
धमकियों एवं तानाशाही रवैयों से शिक्षा सत्याग्रही डरनेवाले नहीं हैं. संयुक्त बयान में कहा गया कि यह आंदोलन अभिभावकों, समाज, छात्र-छात्राएं सबों के हित को लेकर चलाया जा रहा है. बुधवार को भी सत्याग्रहियों ने सबकी शिक्षा एक समान सबका वेतन एक समान का नारा बुलंद किया. इस अवसर पर कहा गया कि जब तक सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का अनुपालन कर सरकार वेतनमान सहित अन्य मांगों को स्वीकार नहीं कर लेती, तब तक बहिष्कार और असहयोग जारी रहेगा. एसएस गर्ल्स स्कूल, मुल्कजदा सिंह उच्च विद्यालय दिग्धी एवं जीए इंटर स्कूल के बाहर अनुमंडल सचिव श्याम किशोर ठाकुर, जिला कोषाध्यक्ष इंद्रभूषण कुमार, अनुमण्डल अध्यक्ष विजय कुमार, सचिव अजीत कुमार पप्पू, अनुमंडल सचिव रंधीर कुमार, प्रखंड सचिव उपनेश कुमार सहित अन्य मौजूद थे.
