चढ़ रहा पारा. भीषण गरमी से हर तबका हुआ परेशान, कुछ ही देर में सूखने लगते हैं लोगों के हलक
शरबत की दुकानों पर जुट रहे हैं लोग
शरीर को अच्छी तरह से ढक कर ही घरों से निकल रहे हैं लोग
हमेशा गुलजार रहनेवाला नगर का चौक-चौराहा प्रात: 10 बजे के बाद ही सुनसान पड़ने लगता है. आवश्यक कार्य से निकले लोग ही दिखते है. ठंडा पेय पदार्थ एवं फलों की अस्थाई दुकानों पर लोग दिखते है, जो गरमी से राहत पीने के लिए दुकानों पर खड़े दिखते हैं.
हाजीपुर : तपती गरमी और गरम हवा से लोग बेहाल हैं. बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक इस जानलेवा गरमी और लू से त्रस्त हैं. गरमी का ऐसा कहर है कि जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है. सुबह होने के कुछ घंटे बाद सड़कें सुनसान हो जा रही हैं. कार्यालयों में काम करनेवाले कर्मचारी हो या फिर दैनिक मजदूर, सभी इस जानलेवा गरमी से प्रभावित है.
स्कूली बच्चों की परेशानी बढ़ गयी है. हर तरह के व्यवसायी परेशान हैं. गरमी से राहत दिलाने के नाम पर नगर में कोई प्रशासनिक व्यवस्था नजर नहीं आती है. ऐसे में पेय पदार्थों की बिक्री में तेजी है. लोग देर शाम तक लोग इससे परेशान दिखते है.
चौक चौराहों की स्थिति : प्राय: अन्य दिनों में भीड़-भाड़ से गुलजार रहनेवाला नगर का चौक-चौराहा प्रात: 10 बजे के बाद ही सुनसान पड़ने लगता है. आवश्यक कार्य से निकले लोग ही दिखते है. ठंडा पेय पदार्थ एवं फलों की अस्थायी दुकानों पर लोग दिखते हैं, जो गरमी से राहत पीने के लिए दुकानों पर खड़े हैं. कुछ पान की दुकानों पर भी लोग जमे हैं.
दरअसल वो धूप से बचने की कोशिश करते हैं. स्टेशन चौक पर कुछ चहल-पहल अवश्य दिखती है. रामअशीष चौक पर यात्री तो हैं, लेकिन वो शाम होने का इंतजार कर रहे हैं. इसी तरह अनवरपुर, गांधी चौक, राजेंद्र चौक सहित अन्य चौक-चौराहे जो अन्य दिनों में गुलजार रहता था प्रभावित है.
स्कूल जाने की है विवशता : बच्चों को स्कूल जाने कि विवशता है, नहीं तो पाठ्यक्रम पूरे नहीं होंगे. चिलचिलाती धूप में शिक्षा विभाग के कर्मी व पदाधिकारी भले ही ऐसी में बैठकर कार्य योजना बनाते हों लेकिन नगर के सरकारी व निजी विद्यालयों में पढ़नेवाले बच्चे गरमी से बेहाल हैं. सरकारी स्कूलों की स्थिति और दयनीय है. कहीं बिजली की व्यवस्था है, तो पंखे नहीं हैऔर कहीं पंखे हैं, तो बिजली नहीं है. हालांकि स्कूल प्रात: कालीन सत्र में चल रहे हैं.
परेशानी तो उन्हें घर लौटने के वक्त होती है.
ठंडे पेय से राहत पाने की कोशिश : इस जानलेवा गर्मी में ठंडा पेय पदार्थों की बिक्री बढ़ गयी है. कोल्ड ड्रिंक, शरबत, नींबू पानी, फलों का जूस आदि पेय का लोग गरमी से राहत पाने के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं. समय की नजाकत को देखते हुए बाजारों में कई अस्थायी दुकानों, ठेला, खोमचा वालों की संख्या में बढ़ोतरी हो गयी है.
बरतें सावधानी : आग बरसाती इस गरमी में विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है. जानकारों एवं चिकित्सकों ने इस गरमी में सावधान रहने की सलाह दी है. होम्योपैथ चिकित्सक डॉ. नलिनी ने कहा कि बच्चों एवं बुजुर्गों सावधान रहने की जरूरत है.
क्या है सलाह
खूब पानी पीएं
बाहर निकलने के पहले पानी का सेवन जरूर करें.
आम की शिकंजी, सत्तू, बेल आदि की शरबत फायदेमंद है
नींबू पानी का प्रयोग किया जा सकता है.
गरिष्ठ भोजन से बचे. सादा भोजन करें.
सुबह में हल्का व्यायाम जरूर करें.
आंख, नाक, गला आदि का विशेष बचाव करें
कोई बीमारी की आशंका बनती है, तो चिकित्सीय परामर्श पहले लें
