बुधवार की सुबह पूर्वी कोसी तटबंध के भगवानपुर पंचायत अंतर्गत 5.30 किमी स्पर पर ग्राम रक्षा दल के सदस्यों की तत्परता से इस नेपाली नागरिक को सकुशल नदी से बाहर निकाल लिया गया. घटना के बाद युवक को गंभीर हालत में वीरपुर स्थित ललित नारायण अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां चिकित्सकों की देखरेख में उसका इलाज चल रहा है.
सुबह गश्ती के दौरान पड़ी नजर, देवदूत बने ग्राम रक्षा दल के विनोद
घटनाक्रम के संबंध में बताया जाता है कि बुधवार की सुबह ग्राम रक्षा दल के सदस्य विनोद कुमार रोजाना की तरह तटबंध पर गश्ती व भ्रमण कर रहे थे. इसी दौरान उनकी नजर कोसी नदी की तेज धारा में बह रहे और बचाने की गुहार लगा रहे एक अधमरे व्यक्ति पर पड़ी. मामले की गंभीरता को समझते हुए विनोद ने बिना वक्त गंवाए स्थानीय ग्रामीणों को आवाज दी. इसके बाद स्थानीय लोगों की मदद से नाव लेकर नदी के बीच धारा में डूब रहे व्यक्ति को सुरक्षित बाहर निकाला गया और तुरंत एंबुलेंस बुलाकर अनुमंडलीय अस्पताल वीरपुर पहुंचाया गया. पानी से बाहर निकाले जाने के समय पीड़ित पूरी तरह निर्वस्त्र और अर्धबेहोश स्थिति में था.
साथियों ने ही रची थी साजिश, बराज से नदी में फेंकने का आरोप
अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद जब पीड़ित को आंशिक रूप से होश आया, तो उसने अपनी आपबीती सुनाई. पीड़ित गोविंद प्रसाद भुसाल ने बताया कि उसके अपने ही कुछ साथियों ने उसे किसी बहाने से नशा या कोई जहरीला पदार्थ खिला दिया था. जब वह अचेत होने लगा, तो साथियों ने उसे मरा हुआ समझकर कोसी बराज के समीप से उफनती नदी में फेंक दिया ताकि उसकी मौत हो जाए और साक्ष्य मिट जाए. हालांकि, अभी भी पीड़ित पूरी तरह होश में नहीं आ पाया है, जिसके कारण वह घटना की पूरी वजह और साथियों के नामों का खुलासा करने में असमर्थ है.
पुलिस महकमे में मंचा हड़कंप, छानबीन में जुटी भीमनगर और वीरपुर पुलिस
कोसी नदी में नेपाल के नागरिक को फेंकने की इस सनसनीखेज वारदात की सूचना मिलते ही भीमनगर और वीरपुर थाने की पुलिस तुरंत एक्शन में आ गई है. पुलिस की टीमें अस्पताल पहुंचकर मामले की कड़ियों को जोड़ने में जुटी हैं, वहीं अस्पताल में ग्राम रक्षा दल के दर्जनों सदस्य पीड़ित की देखभाल के लिए मुस्तैद हैं.
"नेपाली नागरिक को नदी से सुरक्षित रेस्क्यू किए जाने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी स्थिति अब खतरे से बाहर है. पुलिस अभिरक्षा में उक्त व्यक्ति से पूछताछ की जा रही है कि उसे किस स्थान पर नशा दिया गया और इस घटना में कौन-कौन लोग शामिल थे. पीड़ित के पूरी तरह स्वस्थ होने के बाद दिए गए बयान के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी." — सुरेन्द्र कुमार, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO), वीरपुर
