सुपौल जिले के राघोपुर प्रखंड अंतर्गत गणपतगंज बाजार में एनएच-131 के किनारे लंबे समय से जमा कचरे और उससे उठ रही असहनीय दुर्गंध से स्थानीय लोगों का जीना मुहाल हो गया था. इस गंभीर जनसमस्या को प्रभात खबर ने शुक्रवार के अंक में ''सड़क किनारे फैले कचरे से लोग हो रहे हैं परेशान'' शीर्षक से प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया था. खबर छपते ही प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया और बीडीओ के निर्देश पर जनप्रतिनिधियों के सहयोग से जेसीबी (JCB) मशीन लगाकर सड़क किनारे पड़े कचरे की बड़े पैमाने पर सफाई कराई गई.
सावन से पहले बाबा भीमशंकर मंदिर मार्ग हुआ साफ
गणपतगंज बाजार की सफाई व्यवस्था काफी समय से बदहाल बनी हुई थी:
- श्रद्धालुओं को हो रही थी परेशानी: विशेष रूप से प्रसिद्ध बाबा भीमशंकर मंदिर जाने वाले मुख्य मार्ग पर कचरे का अंबार लगा हुआ था. आगामी सावन माह की शुरुआत को देखते हुए श्रद्धालुओं की आवाजाही के लिए यह गंदगी बड़ी बाधा बनी हुई थी.
- खबर पर त्वरित संज्ञान: शुक्रवार को प्रशासनिक अधिकारियों ने त्वरित संज्ञान लेते हुए जेसीबी मशीन भेजी और सड़क किनारे जमे टन भर कचरे का उठाव करवाकर क्षेत्र को साफ-सुथरा बनाया.
गंदगी फैलाने वाले दुकानदारों को जारी होगा नोटिस: BDO
मामले में प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) सत्येंद्र कुमार यादव ने सख्त रुख अपनाते हुए कहा:
बीडीओ सत्येंद्र कुमार यादव का बयान: "सड़क किनारे जमा कचरे का पूर्ण रूप से उठाव करा दिया गया है. सड़क पर खुले में कचरा फेंकने वाले दुकानदारों को चिह्नित कर नोटिस जारी किया जाएगा. चेतावनी के बाद भी यदि कोई दुकानदार सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी फैलाता पाया गया, तो उसके खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी."
जनप्रतिनिधियों ने दी सख्त चेतावनी
- मुखिया कमलेश साह: "कचरे की दुर्गंध से दुकानदार और राहगीर सभी परेशान थे. जनहित में तत्काल जेसीबी लगाकर सफाई कराई गई है. भविष्य में भी नियमित निगरानी रखी जाएगी."
- पंचायत समिति सदस्य अताउर रहमान: "बाजार की स्वच्छता को लेकर पहले भी बैठक हुई थी. सभी दुकानदारों से डस्टबिन का प्रयोग करने की अपील की जाएगी. बार-बार समझाने के बाद भी गंदगी फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी."
स्थानीय लोगों ने जताया आभार
सफाई अभियान पूरा होने पर स्थानीय ग्रामीणों, दुकानदारों और श्रद्धालुओं ने त्वरित कार्रवाई के लिए प्रशासन, स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रभात खबर का आभार जताया. लोगों ने मांग की है कि बाजार में कचरा फेंकने के लिए पर्याप्त डस्टबिन (कूड़ेदान) रखे जाएं और नियमित रूप से सफाई कराई जाए ताकि दोबारा कचरे का अंबार न लगे.
