छातापुर. सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने नई दिल्ली में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी से मुलाकात की. मुलाकात के दौरान सांसद ने सुपौल जिले में सड़क मार्ग से जुडे समस्याओं का मांग पत्र सौंपकर ध्यानाकृष्ट कराया. मांगपत्र में सुपौल-जदिया-अररिया राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण के दौरान जदिया बाजार में बाईपास अथवा फ्लाईओवर निर्माण, उदाकिशनगंज एनएच 106 से जदिया, छातापुर प्रतापगंज एनएच 27 तक स्वीकृत सड़क मार्ग के टेंडर प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ करने की मांग रखी. उन्होंने बताया कि इस सड़क के निर्माण और उन्नयन के लिए पहले सहमति बन चुकी है. लेकिन अब तक कार्य शुरू नहीं हो पाया है. इससे स्थानीय लोगों में निराशा है. उन्होंने केंद्रीय मंत्री से आग्रह किया कि इस परियोजना को प्राथमिकता दी जाए और जल्द से जल्द काम शुरू कराया जाए. उन्होंने कहा कि यह मार्ग कोसी सीमांचल और सीमावर्ती क्षेत्रों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है. इसके विकास से क्षेत्रीय कनेक्टिविटी मजबूत होगी. सुपौल से जदिया होते हुए अररिया तक एनएच का निर्माण कार्य प्रगति पर है. जो इस क्षेत्र के विकास एवं आवागमन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है. इसके लिए हम क्षेत्रवासी भारत सरकार के प्रति आभार व्यक्त करते हैं, किन्तु वर्तमान में जदिया बाजार क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण के कारण अनेक दुकानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों एवं आवासीय ढांचों के टूटने की स्थिति उत्पन्न हो रही है. इससे स्थानीय व्यापारियों की आजीविका पर गंभीर संकट उत्पन्न होगा तथा आम जनजीवन भी प्रभावित होगा. जनहित को ध्यान में रखते हुए जदिया बाजार क्षेत्र को सुरक्षित रखने के लिए इस मार्ग पर उपयुक्त बाईपास का निर्माण अथवा वैकल्पिक रूप से फ्लाईओवर का निर्माण आवश्यक है. बताया है कि एनएच 106 उदाकिशनगंज से जदिया, छातापुर, प्रतापगंज तक जाने वाली एसएच को एनएच में परिवर्तित करने की स्वीकृति प्रदान की जा चुकी है. यह मार्ग कोसी-सीमांचल क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है. जिससे क्षेत्रीय संपर्क, व्यापार, आवागमन एवं आपदा प्रबंधन में उल्लेखनीय सुधार होगा. परंतु अत्यंत खेद है कि स्वीकृति के बावजूद अब तक इस महत्वपूर्ण परियोजना के निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया प्रारंभ नहीं हो पाई है. टेंडर प्रक्रिया को यथाशीघ्र प्रारंभ करने की मांग रखी गई है.
केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री से मिले पप्पू यादव, जनहित में जदिया बाजार में फ्लाई ओवर बनाने की मांग
इस क्षेत्र के विकास एवं आवागमन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है
