IPL में धोनी को बॉलिंग करेगा बिहार का यह बॉलर, CSK के लिए चयनित हुआ 23 साल का युवा खिलाड़ी

IPL: सुपौल जिला क्रिकेट एसोसिएशन के सचिव नवीन गुप्ता ने कहा कि कोसी के कछार पर बसा सुपौल जिले में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है जरूरत है इसे निखारने की. इजहार एक अनुशासन वाला खिलाड़ी है और वह अपने खेल के प्रति संवेदनशील बना रहता है. यही कारण है कि वह अपनी जिंदगी में लगातार आगे बढ़ रहा है.

IPL: सुपौल जिले के वीरपुर निवासी युवा क्रिकेटर मो इजहार ने अपने शानदार प्रदर्शन से एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है. उनका चयन आईपीएल टीम चेन्नई सुपर किंग्स के नेट बॉलर के रूप में हुआ है. यह खबर सुनते ही उनके परिवार, दोस्तों और क्रिकेट प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई. मो इजहार अंडर 23 के रेगुलर खिलाड़ी हैं और अपने तेज गेंदबाजी कौशल के लिए जाने जाते हैं. उनकी मेहनत और समर्पण ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया है. सुपौल जिला क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष राघवेंद्र झा राघव ने उनके चयन पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा, यह न केवल इजहार बल्कि पूरे जिले के लिए गर्व का क्षण है. हमें विश्वास है कि यह उनका पहला कदम है और भविष्य में वह और बड़ी उपलब्धियां हासिल करेंगे.

सफलता का श्रेय किसे दिया

मो इजहार ने अपनी सफलता का श्रेय अपने कोच, परिवार और जिला क्रिकेट संघ को दिया. उन्होंने कहा, यह मेरे सपनों की शुरुआत है. आईपीएल जैसे बड़े मंच पर सीखने और खुद को साबित करने का मौका मिलना किसी भी युवा क्रिकेटर के लिए गर्व की बात है. उनकी इस उपलब्धि पर स्थानीय क्रिकेट खिलाड़ियों और शुभचिंतकों ने उन्हें बधाइयां दीं. अब पूरा जिला उनकी आगे की सफलता के लिए प्रार्थना कर रहा है, और उम्मीद है कि जल्द ही वह आईपीएल में एक प्रमुख खिलाड़ी के रूप में नजर आएंगे.

सुपौल के मयंक भी आईपीएल में दिखा चुका है जलवा

सुपौल जिले के मरौना थाना क्षेत्र के गनौरा गांव निवासी मयंक यादव ने LSG का हिस्सा बन पिछले वर्ष आरसीबी के खिलाफ तीन विकेट प्राप्त कर न सिर्फ अपने परिवार बल्कि जिला का नाम रौशन किया. उस मैच में मयंक ने 4 ओवर में 14 रन देकर 3 विकेट प्राप्त किया था और 2024 के आईपीएल में सबसे तेज गेंद फेंकने का रिकॉर्ड अपने नाम किया था. खुशी की बात यह है कि मयंक और इजहार दोनों में काफी एकरूपता है.

परिवार के साथ किराये के मकान में रहता है इजहार

मो इजहार मूलरूप से छातापुर प्रखंड स्थित ठूठी पंचायत के वार्ड नंबर 8 का रहना वाला है. ठूठी पंचायत निवासी इजहार के पिता मौलाना सलाउद्दीन प्राथमिक विद्यालय अब्दुल मजीद टोला हनुमान नगर में बतौर शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं. इसके अलावे वे वीरपुर स्थित मस्जिद में इमाम के रूप में भी कार्य करते हैं. इजहार की मां शबनम गृहणी है. इजहार तीन भाई बहन है. जिसमें बहन शादीशुदा है और दो भाई है. इजहार जुड़वा भाई में बड़ा है. जबकि छोटा भाई हाफिज है.

प्रभात खबर से बातचीत में मो इजहार ने बताया कि अपने पैतृक गांव को छोड़कर वीरपुर स्थित भगत मोहल्ला में किराये की मकान में रहता था. ताकि कोसी क्रिकेट क्लब में क्रिकेट की प्रैक्टिस की जा सके. लगातार प्रेक्टिस ने रंग लाया और उसे यह मुकाम हासिल हुआ. बताया कि एक साल पहले ही एमआरएफ की ओर से उसका चयन किया गया था. इसके बाद वें लगातार खेलते रहे. जिसके बाद बोर्ड की ओर से पहले नेट प्रैक्टिस की और एक गेंदबाज के रूप में उसका चयन किया गया.

मो इजहार का बाएं हाथ के गेंदबाज क़े रूप मे इज़हार का चयन हुआ है. लगातार नेट प्रैक्टिस जारी है. वर्तमान समय मे वें पूर्व क्रिकेट कप्तान महेन्द्र सिंह धोनी के साथ नेट प्रेक्टिस में हैं. कोसी क्लब वीरपुर के कोच और खिलाडी जयचंद और बीरबल के प्रति आभार जताया. उन्होंने कहा कि यदि इन लोगों का साथ नहीं होता तो आज इस मुकाम तक पहुंचना मुश्किल था.

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Author: Paritosh Shahi

परितोष शाही पिछले 4 वर्षों से डिजिटल मीडिया और पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उन्होंने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की और वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल की बिहार टीम का हिस्सा हैं. राजनीति, सिनेमा और खेल, विशेषकर क्रिकेट में उनकी गहरी रुचि है. जटिल खबरों को सरल भाषा में पाठकों तक पहुंचाना और बदलते न्यूज माहौल में तेजी से काम करना उनकी विशेषता है. परितोष शाही ने पत्रकारिता की पढ़ाई बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU) से की. पढ़ाई के दौरान ही पत्रकारिता की बारीकियों को समझना शुरू कर दिया था. खबरों को देखने, समझने और लोगों तक सही तरीके से पहुंचाने की सोच ने शुरुआत से ही इस क्षेत्र की ओर आकर्षित किया. पत्रकारिता में करियर की पहली बड़ी शुरुआत बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के दौरान हुई, जब उन्होंने जन की बात के साथ इंटर्नशिप की. इस दौरान बिहार के 26 जिलों में जाकर सर्वे किया. यह अनुभव काफी खास रहा, क्योंकि यहां जमीनी स्तर पर राजनीति, जनता के मुद्दों और चुनावी माहौल को बहुत करीब से समझा. इसी अनुभव ने राजनीतिक समझ को और मजबूत बनाया. इसके बाद राजस्थान पत्रिका में 3 महीने की इंटर्नशिप की. यहां खबर लिखने की असली दुनिया को करीब से जाना. महज एक महीने के अंदर ही रियल टाइम न्यूज लिखने लगे. इस दौरान सीखा कि तेजी के साथ-साथ खबर की सटीकता कितनी जरूरी होती है. राजस्थान पत्रिका ने उनके अंदर एक मजबूत डिजिटल पत्रकार की नींव रखी. पत्रकारिता के सफर में आगे बढ़ते हुए पटना के जनता जंक्शन न्यूज पोर्टल में वीडियो प्रोड्यूसर के रूप में भी काम किया. यहां कैमरे के सामने बोलना, प्रेजेंटेशन देना और वीडियो कंटेंट की बारीकियां सीखीं. करीब 6 महीने के इस अनुभव ने कैमरा फ्रेंडली बनाया और ऑन-स्क्रीन प्रेजेंस को मजबूत किया. 1 अप्रैल 2023 को राजस्थान पत्रिका को प्रोफेशनल तौर पर ज्वाइन किया. यहां 17 महीने में कई बड़े चुनावी कवरेज में अहम भूमिका निभाई. लोकसभा चुनाव 2024 में नेशनल टीम के साथ जिम्मेदारी संभालने का मौका मिला. इसके अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के दौरान भी स्टेट टीम के साथ मिलकर काम किया. इस दौरान चुनावी रणनीति, राजनीतिक घटनाक्रम और बड़े मुद्दों पर काम करने का व्यापक अनुभव मिला. फिलहाल परितोष शाही प्रभात खबर डिजिटल बिहार टीम के साथ जुड़े हुए हैं. यहां बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान कई बड़ी खबरों को रियल टाइम में ब्रेक किया, ग्राउंड से जुड़े मुद्दों पर खबरें लिखीं और वीडियो भी बनाए. बिहार चुनाव के दौरान कई जिलों में गांव- गांव घूम कर लोगों की समस्या को जाना-समझा और उनके मुद्दे को जन प्रतिनिधियों तक पहुंचाया. उनकी कोशिश हमेशा यही रहती है कि पाठकों और दर्शकों तक सबसे पहले, सही और असरदार खबर पहुंचे. पत्रकारिता में लक्ष्य लगातार सीखते रहना, खुद को बेहतर बनाना और भरोसेमंद पत्रकार के रूप में अपनी पहचान मजबूत करना है.

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