पीडीएस की दुकानों की हुई सघन जांच, अपात्र लाभुकों से वसूले गए 98 हजार रुपये

उन्होंने स्पष्ट किया कि जन वितरण प्रणाली का लाभ केवल उन्हीं लोगों को मिलना चाहिए जो वास्तव में पात्र हैं

सुपौल. खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा संचालित जन वितरण प्रणाली (पीडीएस) के अंतर्गत गरीब एवं जरूरतमंद लोगों को दिए जा रहे खाद्यान्न की गुणवत्ता, वितरण, रखरखाव एवं पारदर्शिता की जांच हेतु अनुमंडल पदाधिकारी इंद्रवीर कुमार द्वारा सघन निरीक्षण किया गया. यह जांच सदर प्रखंड के विभिन्न पंचायतों के जन वितरण प्रणाली विक्रेताओं की दुकानों पर की गई, जहां अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा अभिलेख, पंजी, पीओएस मशीन, वजन मशीन आदि की गहनता से जांच एवं सत्यापन किया गया. इस दौरान उन्होंने उपभोक्ताओं से भी संवाद स्थापित कर वितरण प्रणाली की स्थिति जानी तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता या शिकायत के बारे में जानकारी ली. अनुमंडल पदाधिकारी ने उपभोक्ताओं से अपील की कि यदि वितरण व्यवस्था में कोई गड़बड़ी या अनुचित लाभ की जानकारी हो तो वे तुरंत अनुमंडल कार्यालय में सूचित करें, जिससे त्वरित कार्रवाई की जा सके. उन्होंने स्पष्ट किया कि जन वितरण प्रणाली का लाभ केवल उन्हीं लोगों को मिलना चाहिए जो वास्तव में पात्र हैं. ऐसे उपभोक्ता जो विभाग द्वारा निर्धारित मानदंडों के अंतर्गत नहीं आते हैं, उन्हें स्वेच्छा से अपना राशन कार्ड समर्पित कर देना चाहिए. अपात्र लाभुकों के विरुद्ध की गई जांच में कई मामलों में राशन कार्ड रद्द किए गए हैं एवं उनसे अब तक उठाए गए राशन के बाजार मूल्य के अनुरूप राशि की वसूली कर लगभग 98 हजार रुपये सरकारी खजाने में जमा कराए गए हैं. इस अवसर पर उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में शिकायत मिलने एवं अपात्र पाए जाने पर कठोर कार्रवाई की जाएगी व सभी उठाए गए राशन का मूल्य भी वसूला जाएगा. निरीक्षण के दौरान प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी भी उपस्थित थे.

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By RAJEEV KUMAR JHA

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