सुपौल : जिले में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम (टीबी) और आयुष्मान भारत योजना की प्रगति की समीक्षा को लेकर गुरुवार को समाहरणालय स्थित जिलाधिकारी सभाकक्ष में जिलाधिकारी सावन कुमार की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई. बैठक में टीबी मरीजों की पहचान, ट्रू-नैट जांच, एक्स-रे, टीपीटी सहित विभिन्न बिंदुओं पर विस्तार से समीक्षा की गई.
टीबी मरीजों की समय पर जांच कराने का निर्देश
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने सभी प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों को संभावित टीबी मरीजों की समय पर जांच सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि चिन्हित प्रत्येक मरीज का उपचार निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार पूरा कराया जाए, ताकि जिले को टीबी मुक्त बनाने के लक्ष्य को समय पर हासिल किया जा सके.
आयुष्मान कार्ड बनाने में लाएं तेजी
बैठक में आयुष्मान भारत योजना की भी समीक्षा की गई. डीएम ने निर्देश दिया कि स्वास्थ्य संस्थानों में कार्यरत आरोग्य मित्र और स्कैन-एंड-शेयर ऑपरेटर के माध्यम से अधिक से अधिक पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड बनाए जाएं, जिससे उन्हें योजना का लाभ समय पर मिल सके.
प्रखंडवार प्रदर्शन सुधारने पर जोर
जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को प्रखंडवार प्रदर्शन में सुधार लाने, लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन करने तथा नियमित समीक्षा के माध्यम से दोनों योजनाओं का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि विभागीय समन्वय, जन-जागरूकता और सतत निगरानी से ही योजनाओं के बेहतर परिणाम मिल सकते हैं.
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. बाबू साहेब झा, जिला कार्यक्रम समन्वयक सह जिला कार्यक्रम प्रबंधक (जिला स्वास्थ्य समिति), जिला कार्यक्रम समन्वयक आयुष्मान भारत, कार्यक्रम समन्वयक आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन तथा टीबी विभाग के पदाधिकारी मौजूद थे.
