– गरीबों को राहत के लिए लोन माफी आवश्यक : डॉ अमन सरायगढ़. भपटियाही प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत मुरली गांव में रविवार को दर्जनों कर्ज से दबे परिवार के सदस्यों ने लोन माफी आंदोलन के तत्वावधान में इंसाफ के लिए आयोजित संकल्प सभा व यात्रा में भाग लिया. जिसमें सर्वसम्मति से लोन माफ होने तक अपनी आवाज बुलन्द के लिए आंदोलन करने का निर्णय लिया. संकल्प सभा को संबोधित करते हुए लोरिक विचार मंच के प्रदेश संयोजक डॉ अमन कुमार ने कहा कि अंबानी और अडानी के अरबों रुपये का कर्ज सरकार द्वारा माफ किया गया है तो गरीब किसान मजदूर व महिलाओं का लोन क्यों नहीं माफ हो रहा है. कहा कि 22 उद्योगपतियों का 16 लाख करोड़ रुपये वर्तमान केन्द्र सरकार द्वारा कर्ज माफ किया गया है. सरकार का उद्योगपति से दोस्ती और गरीबों से दुश्मनी बहुत महंगी पड़ेगी. माइक्रो फाइनेंस कंपनी गरीबों के खून पसीना से कमाई गई संपत्ति पर डाका डाल रही है. गरीब महिलाओं को लोन देकर 12 से 36 प्रतिशत ब्याज वसूलने का कार्य कर रही है. इनके साथ दिन प्रतिदिन गाली गलौज करते हैं. माइक्रो फाइनेंस कंपनी के स्टाफ गरीबों के धर्म व धन के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं. फिर भी सरकार और रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया अनभिज्ञ हैं. डॉ कुमार ने कहा कि कर्ज से दबे हुए गरीब परिवार की आर्थिक स्थिति बहुत ही दयनीय है. आर्थिक तंगी और मानसिक प्रताड़ना के कारण कई परिवार घर छोड़कर भागने को बेबस हैं. ऋण से पीड़ित परिवार आत्महत्या करने पर मजबूर हैं. ऐसी परिस्थितियों में कर्ज मुक्ति गरीबों का हक है. गरीबों को राहत के लिए ऋण माफी अति आवश्यक है. संकल्प सभा में मिथिलेश सादा, मुकेश यादव, राम नारायण साह, प्रदीप सादा, संगीता देवी, बद्री सादा, शंकर सादा, संगीता देवी, कविता देवी, छेदनी देवी, फूलो देवी, ममता देवी, शारदा देवी, कुसुम देवी, मुन्नी देवी, बुधनी देवी आदि ने बढ़ चढ़ कर भाग लिया.
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