फोटो-02,03कैप्सन- दवाई की जब्ती सूची बनाते औषधि निरीक्षक व फटे रैपर वाली दवा प्रतिनिधि,सुपौल सदर प्रखंड के बरूआरी में फुटबॉल टूर्नामेंट के दौरान रविवार को चोटिल खिलाडि़यों के लिए सदर पीएचसी की ओर से एक्सपायरी दवा उपलब्ध करायी गयी थी. मामला सार्वजनिक होने के बाद सिविल सर्जन ने औषधि निरीक्षक पंकज कुमार वर्मा से जांच करायी. जांच रिपोर्ट से स्पष्ट हुआ कि आपूर्ति की गयी 14 दवाओं में दो एक्सपायरी थे. जांच रिपोर्ट के आधार पर सोमवार को सीएस ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी सदर से स्पष्टीकरण पूछा है. यह भी पूछा गया है कि उक्त दवा कहां से प्राप्त की गयी है. आपूर्ति और क्रय के संबंध में विस्तृत प्रतिवेदन भेजने को कहा गया है. औषधि निरीक्षक पंकज कुमार वर्मा ने जांच रिपोर्ट में कहा है कि एक दवा एक्सपायरी थी, जबकि दूसरे में कोई तिथि लिखी नहीं थी. खेल मैदान पर डॉ सुधीर कुमार गुप्ता प्रतिनियुक्त थे. उन्होंने ऐलोपैथिक दवा का वितरण करने के लिए प्रतिनियुक्ति पत्र प्रस्तुत किया, जबकि उन्होंने स्वयं को होमियोपैथिक चिकित्सक बताया.फटे रैपर वाली दवा बनी रहस्य खेल मैदान में अन्य दवाओं के साथ बिटाडीन भी थी, लेकिन इसका रैपर फटा हुआ था. प्रथम दृष्टया प्रतीत हो रहा था कि एक्सपायरी तिथि को हटाने के उद्देश्य से ही रैपर को फाड़ दिया गया. हैरानी की बात यह है कि औषधि निरीक्षक ने जो दवाइयां जब्त कीं, उसमें फटे रैपर वाली कोई दवा नहीं है. क्या औषधि निरीक्षक के समक्ष या उससे पहले उस दवा को बदल दिया गया. बहरहाल फटे रैपर वाली दवा रहस्य बनी हुई है.
एक्सपायरी दवा: पीएचसी प्रभारी से पूछा गया स्पष्टीकरण(फॉलोअप)
फोटो-02,03कैप्सन- दवाई की जब्ती सूची बनाते औषधि निरीक्षक व फटे रैपर वाली दवा प्रतिनिधि,सुपौल सदर प्रखंड के बरूआरी में फुटबॉल टूर्नामेंट के दौरान रविवार को चोटिल खिलाडि़यों के लिए सदर पीएचसी की ओर से एक्सपायरी दवा उपलब्ध करायी गयी थी. मामला सार्वजनिक होने के बाद सिविल सर्जन ने औषधि निरीक्षक पंकज कुमार वर्मा से जांच […]
