सीतामढ़ी के पुपरी से बैधनाथ ठाकुर का रिपोर्ट
Sitamarhi News: पुपरी नगर परिषद के वार्ड संख्या 20 स्थित सिंगियाही रोड में आबादी के बीच बने श्मशान घाट को लेकर स्थानीय लोगों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है. शव दाह के दौरान उठने वाले धुएं, राख और दुर्गंध से आसपास रहने वाले लोग खासे परेशान हैं. मुहल्ले के लोगों का कहना है कि हालात ऐसे हो गए हैं कि सांस लेना तक मुश्किल हो रहा है. अब लोग श्मशान घाट को आबादी से दूर स्थानांतरित करने और जल्द ‘विद्युत शवदाह गृह’ बनाने की मांग कर रहे हैं.
धुएं और राख से भर जाता है इलाका
स्थानीय लोगों के अनुसार श्मशान घाट के आसपास बड़ी संख्या में घर बने हुए हैं. दिन में कई बार शव जलाए जाने के कारण पूरा इलाका धुएं और राख से भर जाता है. लोगों का कहना है कि घरों में रखे कपड़े, अनाज और अन्य सामान भी राख और बदबू से प्रभावित हो रहे हैं. रात के समय चिता की आग और धुएं से लोगों की नींद तक खराब हो जाती है.
बच्चों और बुजुर्गों की बढ़ी परेशानी
मुहल्लावासियों का कहना है कि सबसे ज्यादा दिक्कत बच्चों, बुजुर्गों और सांस के मरीजों को हो रही है. स्थानीय चिकित्सक डॉ. एम कुमार ने बताया कि लगातार धुएं के संपर्क में रहने से फेफड़ों से जुड़ी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है. महिलाओं को खाना बनाने और घर के काम करने में भी परेशानी हो रही है.
‘विद्युत शवदाह गृह’ बनाने की मांग तेज
लोगों का कहना है कि सरकार की ओर से जनकपुर रोड नगर परिषद में विद्युत शवदाह गृह की योजना पहले ही स्वीकृत है, लेकिन अब तक काम शुरू नहीं हो सका है. स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि बुढ़नद नदी किनारे आधुनिक शवदाह गृह बनाया जाए और वर्तमान श्मशान घाट को आबादी से दूर शिफ्ट किया जाए. नगर कार्यपालक पदाधिकारी केशव गोयल ने बताया कि वर्तमान जमीन श्मशान घाट के नाम से दर्ज है, लेकिन दूसरे स्थान पर नए श्मशान घाट निर्माण को लेकर विचार किया जा रहा है.
