Rohtas Guptadham Meat Ban : श्रावणी मेला और गुप्ताधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की आस्था और वन क्षेत्र की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रोहतास वन विभाग ने बड़ा फैसला लिया है. गुप्ताधाम जाने वाले मार्ग पर मीट, मछली, मटन सहित किसी भी प्रकार का मांसाहारी भोजन पकाने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है. नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी जारी की गई है.
Rohtas News : गुप्ताधाम मार्ग पर वन विभाग की सख्ती
वन विभाग ने स्पष्ट निर्देश जारी करते हुए कहा है कि गुप्ताधाम जाने वाले पूरे मार्ग में किसी भी स्थान पर मीट, मछली, मटन या अन्य मांसाहारी भोजन नहीं पकाया जाएगा. विभाग का कहना है कि यह इलाका संरक्षित वन क्षेत्र में आता है, जहां इस तरह की गतिविधियां वन अधिनियम का उल्लंघन हैं.
पर्यटकों की वजह से बढ़ रही थी परेशानी
वन विभाग को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि गुप्ताधाम मार्ग पर झरनों के पास कुछ पर्यटक रुककर मीट, मछली और मटन बनाते हैं. इससे वन क्षेत्र में गंदगी फैल रही थी. साथ ही बाबा गुप्तेश्वरनाथ के दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं भी आहत हो रही थीं. श्रद्धालुओं ने इस मामले में विभाग से कार्रवाई की मांग की थी.
आग और वन्यजीवों पर भी खतरा
चेनारी वन प्रक्षेत्र के रेंजर अभय सिंह ने बताया कि वन क्षेत्र में आग जलाना और खाना बनाना प्रतिबंधित है. मांसाहारी भोजन पकाने से वन्यजीव प्रभावित होते हैं और जंगल में आग लगने का खतरा भी बढ़ जाता है. इसलिए इस पर पूरी तरह रोक लगाई गई है.
नियम तोड़ने वालों पर होगी कार्रवाई
फॉरेस्टर अमित कुमार ने श्रद्धालुओं और पर्यटकों से वन विभाग के निर्देशों का पालन करने, वन क्षेत्र को स्वच्छ रखने और गुप्ताधाम की धार्मिक गरिमा बनाए रखने की अपील की है. उन्होंने स्पष्ट कहा कि प्रतिबंध का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
