रोहतास के नासरीगंज प्रखंड के कछवां थाना क्षेत्र के खिरीआवं गांव निवासी करीब 65 वर्षीय रामदयाल यादव पिछले 60 घंटे से लापता हैं. वह सोन नदी के तट के समीप भैंस चराने गए थे, लेकिन इसके बाद घर वापस नहीं लौटे. उनके सभी मवेशी तो सकुशल घर लौट आए, लेकिन रामदयाल यादव का अब तक कोई पता नहीं चल सका है. परिजनों और ग्रामीणों ने उनके सोन नदी में डूबने की आशंका जताई है.
वृद्ध के करीब 60 घंटे बाद भी घर नहीं लौटने से परिवार में कोहराम मचा हुआ है. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है. परिवार के लोगों ने अपने स्तर से आसपास के इलाकों और नदी के किनारे काफी खोजबीन की, लेकिन रामदयाल यादव के बारे में कोई सुराग नहीं मिल पाया.
SDRF की टीम ने महदेवा से बिहटा तक सोन नदी में चलाया सर्च ऑपरेशन
रामदयाल यादव के लापता होने की सूचना मिलने के बाद अंचलाधिकारी अंचला कुमारी की पहल पर एसडीआरएफ की टीम गांव पहुंची. टीम ने महदेवा से बिहटा तक सोन नदी में उनकी तलाश की. काफी खोजबीन के बावजूद लापता वृद्ध का कोई पता नहीं चल सका. इसके बाद एसडीआरएफ की टीम बिना सफलता के वापस लौट गई.
परिजनों के अनुसार, रामदयाल यादव गत एक सितंबर मंगलवार को नदी किनारे चर रहे मवेशियों को लाने के लिए सोन नदी के किनारे गए थे. उनके सभी मवेशी वापस घर लौट आए, लेकिन वह स्वयं घर नहीं पहुंचे. इसके बाद परिवार के लोगों ने उनकी काफी तलाश की. आसपास के इलाकों में खोजबीन के बाद भी जब कोई जानकारी नहीं मिली तो कछवां थाने में उनके गुमशुदगी का सनहा दर्ज कराया गया.
सीओ अंचला कुमारी ने बताया कि लापता व्यक्ति की तलाश के लिए एसडीआरएफ की टीम ने महदेवा से बिहटा तक सोन नदी में खोजबीन की, लेकिन उनका कोई पता नहीं चल सका. लापता होने के स्थल को देखते हुए सोन नदी में डूबने या सोन डीला पर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है.
घटना की जानकारी मिलने के बाद पंचायत की मुखिया मंजू देवी भी लापता वृद्ध के घर पहुंचीं. उन्होंने दुखी परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया. इधर, रामदयाल यादव के परिजन और ग्रामीण उनके सकुशल वापस लौटने की प्रार्थना कर रहे हैं. लंबे समय से कोई जानकारी नहीं मिलने के कारण परिवार की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है.
