बरसात में टपकती छत के बीच बन रहा मध्यान्ह भोजन, महीनों पहले आवेदन के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई नगरा. प्रखंड क्षेत्र के कन्या प्राथमिक विद्यालय, रसूलपुर में मध्यान भोजन योजना भगवान भरोसे चल रही है. विद्यालय का किचन शेड पूरी तरह जर्जर होकर खंडहर में तब्दील हो चुका है.बरसात के मौसम में छत से लगातार पानी टपकने के कारण रसोइयों को जोखिम उठाकर भोजन तैयार करना पड़ रहा है.ऐसे में बच्चों की सुरक्षा के साथ-साथ एमडीएम के संचालन पर भी संकट गहरा गया है.विद्यालय के प्रधान शिक्षक मुन्ना कुमार यादव ने बताया कि उन्होंने 24 अप्रैल 2026 को विद्यालय में योगदान देने के बाद 30 अप्रैल 2026 को ही जिला कार्यक्रम पदाधिकारी सारण एवं जिला पदाधिकारी को लिखित आवेदन देकर किचन शेड की जर्जर स्थिति से अवगत कराया था.इसके बावजूद अब तक न तो भवन की मरम्मत कराई गई और न ही नया किचन शेड बनाने की दिशा में कोई कार्रवाई हुई.उन्होंने बताया कि बारिश के दौरान रसोईघर की छत से पानी टपकने के कारण भोजन बनाना कठिन हो जाता है.अचानक तेज बारिश होने पर तैयार भोजन खराब होने की आशंका बनी रहती है.जर्जर भवन के कारण कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है. विद्यालय प्रशासन ने शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन से अविलंब नए किचन शेड के निर्माण अथवा जर्जर भवन की मरम्मत कराने की मांग की है,ताकि बच्चों को सुरक्षित वातावरण में नियमित रूप से मध्यान्ह भोजन उपलब्ध कराया जा सके.
कन्या प्राथमिक विद्यालय रसूलपुर का किचन शेड हुआ जर्जर,हादसे की आशंका
रसूलपुर कन्या प्राथमिक विद्यालय का किचन शेड जर्जर होने से बच्चों के लिए भोजन बनाना मुश्किल हो गया है। प्रशासन से मरम्मत की मांग की गई है।

फोटो कैप्शन. कन्या प्राथमिक विद्यालय रसूलपुर का जर्जर किचन शेड | Prabhat Khabar Network