Bihar University Act: प्रस्तावित बिहार विश्वविद्यालय अधिनियम 2026 के विरोध में विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों में शिक्षकों और शिक्षकेत्तर कर्मियों का आंदोलन जारी है. इसी क्रम में शनिवार को राजेंद्र कॉलेज में शिक्षक संघ के सचिव डॉ. प्रशांत कुमार सिंह के नेतृत्व में शिक्षकों एवं कर्मियों ने प्रदर्शन कर प्रस्तावित अधिनियम का विरोध किया.
चरणबद्ध तरीके से जारी रहेगा आंदोलन
प्रदर्शन के दौरान कॉलेज शिक्षक संघ के सचिव डॉ. प्रशांत कुमार सिंह ने कहा कि प्रस्तावित अधिनियम के विरोध में आंदोलन चरणबद्ध तरीके से जारी रहेगा. बिहार विश्वविद्यालय, महाविद्यालय शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मी संयुक्त संघर्ष मोर्चा के तत्वावधान में आंदोलन पांच सितंबर तक चलाया जायेगा. उन्होंने कहा कि आगे भी तय कार्यक्रम के अनुसार विरोध प्रदर्शन किया जायेगा.
पुराने अधिनियम की जगह नया कानून लाने की तैयारी
उल्लेखनीय है कि सरकार बिहार राज्य विश्वविद्यालय अधिनियम-1976 और पटना विश्वविद्यालय अधिनियम-1976 की जगह नया विश्वविद्यालय अधिनियम लाने की तैयारी कर रही है. प्रस्तावित कानून को लेकर राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों एवं महाविद्यालयों के शिक्षक और शिक्षकेत्तर कर्मी विरोध जता रहे हैं. इसी कड़ी में राजेंद्र कॉलेज में भी प्रदर्शन किया गया.
शिक्षक-कर्मियों ने जतायी आपत्ति
प्रदर्शन में शामिल शिक्षक एवं कर्मियों ने प्रस्तावित अधिनियम को लेकर अपनी आपत्तियां जतायीं और सरकार से शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मियों के हितों को ध्यान में रखते हुए निर्णय लेने की मांग की. प्रदर्शन के दौरान कॉलेज परिसर में शिक्षक-कर्मियों ने एकजुट होकर अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की.
मौके पर डॉ. ज्योति कुमारी, डॉ. अनुपम कुमार सिंह, डॉ. अर्चना उपाध्याय, डॉ. अल्लाउद्दीन, डॉ. देवेश रंजन, डॉ. विशाल सिंह, डॉ. सदाब हासमी, डॉ. रंकेश जायसवाल, डॉ. अब्दुल रशीद, डॉ. परेश कुमार, डॉ. अमरेंद्र कुमार, डॉ. कुमार गौरव सहित अन्य शिक्षक एवं कर्मी मौजूद थे.
यह भी पढे़ं: शर्मनाक... स्ट्रेचर नहीं मिला तो बीमार पत्नी को पीठ पर लाद लिया पति, व्यवस्था पर उठे सवाल
