Saran News : राजेंद्र महाविद्यालय, छपरा के वाणिज्य विभाग में पीजी के तहत एमकॉम प्रथम सेमेस्टर सत्र 2026-28 के नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए इंडक्शन कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को महाविद्यालय, विभाग, पाठ्यक्रम, शैक्षणिक गतिविधियों और उच्च शिक्षा की विभिन्न संभावनाओं से परिचित कराना था. कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. संजय कुमार भट्ट ने की.
नियमित अध्ययन और अनुशासन पर दिया जोर
प्राचार्य प्रो. संजय कुमार भट्ट ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए नियमित अध्ययन, अनुशासन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने विद्यार्थियों से शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने की अपील की.
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को पढ़ाई के साथ शोध और अन्य अकादमिक गतिविधियों में भी रुचि लेनी चाहिए. उच्च शिक्षा के दौरान अर्जित ज्ञान और कौशल भविष्य में उनके लिए उपयोगी साबित होंगे.
एमकॉम पाठ्यक्रम और क्रेडिट पॉइंट की दी जानकारी
कार्यक्रम का संचालन वाणिज्य विभाग की विभागाध्यक्ष अर्चना उपाध्याय ने किया. उन्होंने नवप्रवेशित विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए विभाग की शैक्षणिक गतिविधियों और कार्यप्रणाली की जानकारी दी.
उन्होंने एमकॉम पाठ्यक्रम से संबंधित क्रेडिट पॉइंट और अध्ययन से जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं के बारे में विद्यार्थियों को विस्तार से बताया. विद्यार्थियों को पाठ्यक्रम की संरचना और शैक्षणिक गतिविधियों को लेकर भी जानकारी दी गयी.
परीक्षा प्रणाली और शोध की संभावनाओं पर मार्गदर्शन
कार्यक्रम में वाणिज्य विभाग के सभी प्राध्यापक मौजूद रहे. डॉ. जिवाकर हैदर, डॉ. शशितोष कुमार, श्री कृष्ण लाल और डॉ. मनीष कुमार सिंह सहित विभाग के अन्य शिक्षकों ने विद्यार्थियों को एमकॉम की पढ़ाई, नियमित कक्षा-अध्ययन और परीक्षा प्रणाली के संबंध में मार्गदर्शन दिया.
प्राध्यापकों ने विद्यार्थियों को भविष्य में शोध और करियर की विभिन्न संभावनाओं से भी अवगत कराया. शिक्षकों ने कहा कि स्नातकोत्तर स्तर की पढ़ाई के दौरान विद्यार्थियों को विषय की गहरी समझ विकसित करने के साथ अपनी रुचि के अनुसार शोध और अन्य अकादमिक गतिविधियों में भी भाग लेना चाहिए.
विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक लिया हिस्सा
इंडक्शन कार्यक्रम में नवप्रवेशित विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की. शिक्षकों ने विद्यार्थियों को महाविद्यालय की शैक्षणिक परंपराओं और अनुशासन का पालन करते हुए अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए निरंतर प्रयास करने का संदेश दिया.
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को महाविद्यालय और विभाग से संबंधित आवश्यक जानकारी भी उपलब्ध करायी गयी, ताकि वे नये शैक्षणिक सत्र की शुरुआत बेहतर तरीके से कर सकें.
