Chapra Nagar Nigam: छपरा नगर निगम के हालात ऐसे हैं कि उप महापौर के आदेश के बाद भी अधिकारी कार्रवाई नहीं कर रहे हैं. निगम क्षेत्र के भगवान बाजार काली मंदिर से भगवत विद्यापीठ रोड में व्याप्त जलजमाव और कीचड़ को लेकर उप महापौर रागिनी देवी ने नगर आयुक्त को कार्रवाई का आदेश दिया था, लेकिन अब तक समस्या का समाधान नहीं हुआ है. करीब तीन महीने से लोग जलजमाव और कीचड़ के बीच आवागमन करने को मजबूर हैं. निगम की लापरवाही से वार्ड संख्या 12 सहित आसपास के इलाकों की करीब 7000 आबादी और प्रतिदिन 12000 से अधिक राहगीर व बाइक सवार परेशान हैं.
एनएच-19 जाम होने पर शहर में प्रवेश का अहम रास्ता
महिला थाना-काली मंदिर रोड एनएच-19 जाम रहने की स्थिति में लोगों के लिए शहर में प्रवेश करने का महत्वपूर्ण वैकल्पिक मार्ग है. सड़क पर जलजमाव और कीचड़ के कारण लोगों को काफी परेशानी हो रही है. इस मार्ग पर भगवत विद्यापीठ सहित कई बड़े स्कूल और नर्सिंग होम हैं. रोजाना बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे, मरीज और आम राहगीर इस रास्ते से गुजरते हैं.
नाला निर्माण के नाम पर सड़क ही बन गयी नाला
नगर निगम क्षेत्र के वार्ड संख्या 12 में निगम की ओर से नाला निर्माण कराया जा रहा है. स्थानीय लोगों का आरोप है कि निर्माण के दौरान पूरी सड़क को ही नाले में तब्दील कर दिया गया है. सड़क को तोड़कर निकाला गया मटेरियल और कीचड़ सड़क पर ही फैला हुआ है. इससे महिला थाना रोड और भगवत विद्यापीठ रोड की स्थिति सबसे अधिक खराब है.
जुलाई में उप महापौर ने दिया था कार्रवाई का आदेश
जलजमाव की समस्या को लेकर उप महापौर रागिनी देवी ने जुलाई में नगर आयुक्त को पत्र लिखकर तत्काल कार्रवाई करने और सड़क को जलजमाव से मुक्त कराने का निर्देश दिया था. इसके बावजूद अब तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो सका है. इसे लेकर उप महापौर ने अधिकारियों के प्रति नाराजगी जतायी है.
आम लोगों की बढ़ी परेशानी
यह सड़क वार्ड संख्या 12 में आती है, जिसकी आबादी करीब 5000 बतायी जाती है. इसके अलावा वार्ड संख्या एक से 11 तक के लोगों का भी इस मार्ग से आवागमन होता है. स्थानीय लोगों के अनुसार प्रतिदिन करीब 10 से 12 हजार लोग इस रास्ते से गुजरते हैं. सड़क की खराब स्थिति के कारण स्कूली बच्चों और मरीजों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.
200 मीटर लंबा नाला, करीब 15 लाख की लागत
नगर निगम से मिली जानकारी के अनुसार भगवान बाजार एनएच-19 से काली मंदिर होते हुए भगवत विद्यापीठ रोड से चंद्रा भवन तक करीब 200 मीटर लंबा नाला बनाया जा रहा है. इस योजना पर करीब 15 लाख रुपये खर्च किये जा रहे हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण कार्य के तरीके से सुविधा मिलने के बजाय परेशानी बढ़ गयी है.
क्या बोले स्थानीय लोग
अमरेंद्र कुमार सिंह, स्थानीय निवासी: जिस तरह से लापरवाही बरती जा रही है, वह असहनीय है. लोग कभी भी आंदोलन करने को मजबूर हो सकते हैं.
आदिल राजा, भगवान बाजार: निर्माण कार्य ऐसे हो रहा है कि पता ही नहीं चल रहा है कि नाला बन रहा है या सड़क को ही नाला बना दिया गया है.
सूर्य प्रकाश, काशी बाजार: यदि इसी तरह निर्माण कार्य हुआ तो हम लोग इसका विरोध करेंगे. कम से कम सड़क को बेहतर रखते हुए निर्माण कार्य होना चाहिए.
अनुज कुमार सिंह, काशी बाजार: कीचड़ और पानी की वजह से पूरा रोड प्रभावित हो गया है. ठेकेदार और निगम के अधिकारियों को अपनी देखरेख में काम कराना चाहिए.
अरविंद सिंह, बैंक कॉलोनी: ड्रेनेज निर्माण का तरीका सही नहीं है. महिला थाना और भगवत विद्यापीठ तक की स्थिति काफी खराब है.
अंजनी कुमार पांडे, थाना रोड: काफी दिनों से हम लोग नाला निर्माण का इंतजार कर रहे थे, लेकिन जिस तरह काम शुरू हुआ है, उससे अभी से परेशानी की आशंका बढ़ गयी है. सुविधा कम और दुविधा अधिक हो गयी है.
क्या बोले स्वच्छता पदाधिकारी
संजीव कुमार मिश्रा, स्वच्छता पदाधिकारी, नगर निगम: नाले का निर्माण चल रहा है. सड़क का भी निर्माण होना है, इसीलिए परेशानी हो रही है. बावजूद इसके जलजमाव से मुक्ति के लिए कार्रवाई की जा रही है.
क्या बोले नगर आयुक्त
रंजीत कुमार, नगर आयुक्त, छपरा नगर निगम: अभी मैं छपरा में नहीं हूं. समस्या के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को आदेशित कर रहा हूं. जल्द ही उप महापौर से भी वार्ता कर आवश्यक कदम उठाया जाएगा.
क्या बोलीं उप महापौर
रागिनी देवी, उप महापौर, छपरा नगर निगम: यह हद है कि एक महीने पहले मेरे द्वारा आदेश जारी किया गया था, लेकिन अभी तक आदेश का अनुपालन नहीं हुआ है. लोगों को काफी परेशानी हो रही है, लेकिन अधिकारियों को इसका ख्याल नहीं है.
