ठंड में सावधानी बरतने की जरूरतआग सेंकने में बरतें सावधानीसमस्तीपुर. ठंड के दिनों में अगलगी की घटनाएं घटित हो रही है. असावधानी के कारण इन घटनाओं में इजाफा हो रहा है. नवंबर व दिसंबर माह में छठ अगलगी की घटनाएं घट चुकी है. इसमें ग्रामीण इलाकों में 75 फीसदी घटनाएं घट रही है. अग्निशमन विभाग के आंकड़ों को देखे तो इसमें अधिकतर घटनाओं में तिनके की आग ने ही घरों को फूंका है. घटनाओं में किसी के हताहत नहीं होना अच्छी बात है. ठंड के दिनों में आग सेंकने की ललक में सावधानियों को दरकिनार करना बुरी बात है. राह चलते चौक -चौराहों पर कूड़े करकट में आग जला देना भी इन घटनाओं को आमंत्रित कर रहा है. इस बाबत जिला अग्निशमन पदाधिकारी तपेश्वर सिंह ने बताया कि आग सेंकने के समय कुछ सावधानियां बरतनी जरूरी है. इसमें आग के समीप से बच्चों को दूर रखें. आग में एकाएक किसी तेल का छिड़काव नहीं करें. बिस्तरों, ऊनी कपड़ों से, शरीर से आग की दूरी हमेशा बनाये रखें. सेंकने के बाद इन्हें पानी डालकर बुझा दें. चौक चौराहों पर कूड़े-करकट में आग नहीं लगाये. इसमें किसी तरह की सामग्री का अंदेशा रहता है. इसके साथ ही प्लास्टिक, चमड़े का धुआं शरीर के लिए हानिकारक भी होता है. आग वाली जगहों पर हमेशा सरसरी निगाह रखें.
दो माह में छह अगलगी की घटनाएं
ठंड में सावधानी बरतने की जरूरतआग सेंकने में बरतें सावधानीसमस्तीपुर. ठंड के दिनों में अगलगी की घटनाएं घटित हो रही है. असावधानी के कारण इन घटनाओं में इजाफा हो रहा है. नवंबर व दिसंबर माह में छठ अगलगी की घटनाएं घट चुकी है. इसमें ग्रामीण इलाकों में 75 फीसदी घटनाएं घट रही है. अग्निशमन विभाग […]
