उजियारपुर. प्रखंड कार्यालय के गेट पर जाते ही लगता है कि स्वच्छ भारत स्वस्थ भारत की कल्पना बेमानी है. पंचायत समिति भवन, प्रमुख व उपप्रमुख कार्यालय के ठीक सामने गंदगी का अंबार लगा दिखता है. लोहे के बने ग्रील पर लतरे जंगलों व पेड़ों के पत्ते स्वच्छता अभियान की शोभा में चार चांद लगा रहे हैं. पीएम खुद हाथों में झाड़ू लेकर सफाई अभियान की सफलता में जुटे रहते हैं. वहीं अधिकारियों से लेकर जनप्रतिनिधियों का ध्यान इस गंदगी की ओर नहीं जाना दुख की बात है. स्वच्छता को लेकर गांव, मुहल्ले, विद्यालयों में प्रतिदिन साफ सफाई पर ध्यान दिया जाता है. बच्चों में इस अभियान के तहत जागरुकता का संदेश दिया जाता है. आनेवाले समय में कार्यालय परिसर में जल जमाव की भी समस्या से लोगों को जूझना होगा. इसका कारण सामने से गुजरने वाली नवनिर्मित सड़क का उंचा होना है. इस समस्या को पीएचसी प्रभारी डा. आरके सिंह ने 20 सूत्री की बैठक में उठाया था. उपप्रमुख राजेश्वर महतो ने इस समस्याओं पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि परिसर में फैली गंदगी व अन्य समस्याओं से निपटने क ा प्रयास किया जायेगा.
प्रखंड कार्यालय के द्वार पर स्वच्छता अभियान की दरकार
उजियारपुर. प्रखंड कार्यालय के गेट पर जाते ही लगता है कि स्वच्छ भारत स्वस्थ भारत की कल्पना बेमानी है. पंचायत समिति भवन, प्रमुख व उपप्रमुख कार्यालय के ठीक सामने गंदगी का अंबार लगा दिखता है. लोहे के बने ग्रील पर लतरे जंगलों व पेड़ों के पत्ते स्वच्छता अभियान की शोभा में चार चांद लगा रहे […]
