सहरसा में महिला मरीजों के लिए खास व्यवस्था, सभी विभागों में डॉक्टर तैनात

Saharsa OPD Today: : सहरसा के मॉडल सदर अस्पताल की ओपीडी में शुक्रवार को पूरा सिस्टम अलर्ट मोड पर है. गायनी से लेकर इमरजेंसी तक सभी विभागों में डॉक्टरों की तैनाती की गयी है ताकि मरीजों को बिना देरी इलाज मिल सके.

Saharsa OPD Today: सहरसा से अंजन आर्यन की रिपोर्ट — मॉडल सदर अस्पताल सहरसा में शुक्रवार को ओपीडी और इमरजेंसी सेवाओं को लेकर व्यापक व्यवस्था की गयी है. अस्पताल प्रशासन ने सभी प्रमुख विभागों में डॉक्टरों की ड्यूटी तय कर दी है. खासकर गायनी विभाग में महिला मरीजों को ध्यान में रखते हुए नियमित परामर्श और इलाज की सुविधा उपलब्ध करायी जा रही है. अस्पताल में रोजाना बड़ी संख्या में मरीज पहुंचते हैं, जिसके चलते यह व्यवस्था और भी अहम हो जाती है.

महिला मरीजों के लिए गायनी विभाग में विशेष ध्यान

अस्पताल के गायनी विभाग में महिला मरीजों की संख्या लगातार अधिक रहती है. इसी को देखते हुए महिला डॉक्टरों की मौजूदगी से मरीजों को बेहतर परामर्श और उपचार मिल रहा है. यहां आने वाली महिलाएं न सिर्फ जांच कराती हैं बल्कि नियमित फॉलोअप और सलाह भी प्राप्त करती हैं. इससे ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाली मरीजों को बड़ी राहत मिलती है.

इमरजेंसी में 24 घंटे अलर्ट व्यवस्था

मॉडल सदर अस्पताल की इमरजेंसी सेवा को तीन शिफ्टों में बांटा गया है ताकि किसी भी समय मरीजों को इलाज मिल सके. सुबह 8 बजे से लेकर रात और फिर सुबह तक डॉक्टरों की ड्यूटी तय की गयी है. सर्जन और फिजिशियन ऑन कॉल व्यवस्था भी सक्रिय रखी गयी है, जिससे गंभीर मरीजों को तुरंत इलाज मिल सके.

इमरजेंसी प्रसव गृह में भी तीन शिफ्टों में डॉक्टरों की तैनाती की गयी है ताकि प्रसव संबंधी मामलों में किसी तरह की देरी न हो.

ओपीडी में सभी विभाग सक्रिय, मरीजों की भीड़ पर नजर

शुक्रवार को ओपीडी में पुरुष, महिला, शिशु, नेत्र, अस्थि, दंत और शल्य सहित सभी विभागों में डॉक्टरों की तैनाती की गयी है. सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक और फिर शाम 4 बजे से 6 बजे तक मरीजों की जांच की जा रही है.

अस्पताल प्रशासन के अनुसार रजिस्ट्रेशन काउंटर सुबह 8 बजे से ही सक्रिय हो जाता है, जिससे मरीजों को समय पर पंजीयन की सुविधा मिल सके.

बेहतर व्यवस्था की ओर कदम

लगातार बढ़ते मरीजों के दबाव के बीच मॉडल सदर अस्पताल की यह ड्यूटी व्यवस्था स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है. डॉक्टरों की मौजूदगी से मरीजों को समय पर इलाज मिल रहा है और अस्पताल की कार्यप्रणाली अधिक सुचारु दिख रही है.

Also Read: रोहतास में अपराधियों का तांडव, स्कूल डायरेक्टर को उठा ले गए किडनैपर, 24 घंटे से कोई खोज खबर नहीं

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Pratyush prashant

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >