सहरसा से विनय कुमार मिश्र की रिपोर्ट.
Saharsa News: विश्व रक्तदाता दिवस के अवसर पर रविवार को सहरसा स्थित एमएलटी कॉलेज में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) इकाई की ओर से स्वैच्छिक रक्तदान विषय पर विचार गोष्ठी एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्रधानाचार्य प्रो. डॉ. सुधीर कुमार सिंह ने की. इस दौरान विद्यार्थियों को रक्तदान के महत्व, उसकी प्रक्रिया और समाज में इसकी आवश्यकता के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई.
“रक्तदान किसी जरूरतमंद को दे सकता है नया जीवन”
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानाचार्य प्रो. डॉ. सुधीर कुमार सिंह ने कहा कि रक्तदान सबसे बड़ा मानव सेवा कार्य है. एक स्वस्थ व्यक्ति को समय-समय पर स्वैच्छिक रक्तदान करना चाहिए और समाज में इसके प्रति जागरूकता फैलानी चाहिए.
उन्होंने कहा कि एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद व्यक्ति का जीवन बचा सकता है. रक्तदान न केवल मानवता की सेवा है, बल्कि यह व्यक्ति को आत्मिक संतोष भी प्रदान करता है. दूसरों के हित से बढ़कर कोई धर्म नहीं होता.
युवाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण
प्रधानाचार्य ने कहा कि रक्तदान अभियान को सफल बनाने में युवा वर्ग की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है. यदि युवा नियमित रूप से रक्तदान करें और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करें तो अस्पतालों में रक्त की कमी की समस्या काफी हद तक दूर हो सकती है.
उन्होंने छात्रों से समाज में सकारात्मक संदेश फैलाने और जरूरत पड़ने पर रक्तदान के लिए आगे आने की अपील की.
रक्तदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करने पर जोर
राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. बलवीर कुमार झा ने विश्व रक्तदाता दिवस की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज भी समाज में रक्तदान को लेकर कई तरह की भ्रांतियां मौजूद हैं.
उन्होंने कहा कि इन गलत धारणाओं को दूर करना जरूरी है ताकि अधिक से अधिक लोग स्वैच्छिक रक्तदान के लिए आगे आ सकें. एनएसएस इकाई भविष्य में भी स्वास्थ्य और जनजागरूकता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करती रहेगी.
छात्रों को दी गई महत्वपूर्ण जानकारी
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को रक्तदान की प्रक्रिया, पात्रता, स्वास्थ्य मानकों और रक्तदान के लाभों के बारे में विस्तार से बताया गया. विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया कि नियमित और सुरक्षित रक्तदान से स्वास्थ्य पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता, बल्कि यह कई मामलों में लाभकारी भी होता है.
छात्रों ने लिया संकल्प
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित छात्र-छात्राओं ने नियमित रूप से रक्तदान करने और अन्य लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करने का संकल्प लिया.
इस अवसर पर आशुतोष कुमार सिंह, केडी राम, रूपम सिन्हा, डॉ. अतुल पराशर, अमित, सौरभ कुमार, प्रशांत, प्रकाश, जितेंद्र, गौरव सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे. धन्यवाद ज्ञापन डॉ. बलवीर कुमार झा ने किया.
समाज सेवा का मजबूत संदेश
विश्व रक्तदाता दिवस पर आयोजित यह कार्यक्रम युवाओं में सामाजिक जिम्मेदारी और मानव सेवा की भावना को मजबूत करने वाला साबित हुआ. कॉलेज परिसर में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने और समाज में सकारात्मक संदेश पहुंचाने का प्रयास सराहा गया.
