सहरसा से वशिष्ठ कुमार सिंह की रिपोर्ट: प्रखंड क्षेत्र के सितुआहा गांव से एक नाबालिग युवती के कथित अपहरण का मामला सामने आया है. पीड़िता की मां ने स्थानीय सलखुआ थाना में लिखित आवेदन देकर छह नामजद लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और कार्रवाई की गुहार लगाई है.
किराना दुकान जाने के दौरान वारदात
दिए गए आवेदन में पीड़िता की मां ने बताया कि 25 अप्रैल 2026 की सुबह करीब आठ बजे उनकी 17 वर्षीय पुत्री घर के पास ही स्थित एक किराना दुकान पर घरेलू सामान खरीदने गई थी. आरोप है कि उसी दौरान गांव के ही कुछ युवक वहां पहले से घात लगाए बैठे थे. जैसे ही किशोरी दुकान के पास पहुंची, दो युवकों ने उसे जबरन मोटरसाइकिल पर बैठा लिया और तेजी से फरार हो गए, जबकि उनका एक अन्य साथी मदद के लिए पीछे-पीछे गया.
शिकायत करने पर दी शादी की दुहाई और धमकी
परिजनों का कहना है कि घटना की जानकारी मिलने के बाद जब वे शिकायत लेकर आरोपियों के घर पहुंचे, तो वहां मौजूद परिजनों ने उनके साथ गाली-गलौज की और अंजाम भुगतने की धमकी दी. परिजनों का आरोप है कि उन्हें कहा गया कि लड़की की शादी करा दी गई है और अब उसे वापस नहीं किया जाएगा. जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो उनके साथ मारपीट करने की धमकी भी दी गई.
पंचायत का फैसला भी ठुकराया
पीड़ित परिवार ने अपने स्तर पर सगे-संबंधियों और आसपास के इलाकों में काफी खोजबीन की, लेकिन किशोरी का कहीं कोई सुराग नहीं मिल सका. इसके बाद ग्रामीणों की पहल पर मामले को सुलझाने के लिए सामाजिक पंचायत भी बुलाई गई, लेकिन आरोपी पक्ष ने पंचायत के किसी भी निर्णय को मानने से साफ इनकार कर दिया.
इन लोगों को बनाया गया आरोपी
न्याय के लिए थाने पहुंची मां ने अपने आवेदन में गांव के ही छह लोगों को नामजद आरोपी बनाया है, जिनमें शामिल हैं:
- चंदन शर्मा
- अंकित शर्मा
- विकास शर्मा
- सरवन शर्मा
- ममता देवी
- उषा देवी
पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन और स्थानीय पुलिस से बेटी की सकुशल बरामदगी तथा सभी दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है. मामले को लेकर थानाध्यक्ष ने बताया कि पुलिस को आवेदन प्राप्त हो चुका है. मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी गई है और जल्द ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
