आय से अधिक संपत्ति मामले में डीपीओ अजित अमर के चार ठिकानों पर ईओयू की छापेमारी, पांच घंटे चली जांच

आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने शिक्षा विभाग के डीपीओ अजित अमर के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में एक साथ चार ठिकानों पर छापेमारी की. प्रारंभिक जांच में 72% अधिक संपत्ति मिलने के संकेत मिले हैं, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है. बैंक खातों और निवेश का सत्यापन किया जा रहा है.

Saharsa EOU Raid: सहरसा. आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू), पटना ने शुक्रवार को शिक्षा विभाग के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) अजित अमर के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में एक साथ चार स्थानों पर छापेमारी की. सहरसा के नया बाजार स्थित किराये के आवास और डीपीओ कार्यालय के अलावा सीवान स्थित पैतृक घर तथा छपरा स्थित पूर्व पदस्थापन स्थल पर भी तलाशी अभियान चलाया गया.

न्यायालय के आदेश पर हुई कार्रवाई

ईओयू अधिकारियों के अनुसार अजित अमर के विरुद्ध आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का मामला दर्ज होने के बाद न्यायालय से तलाशी वारंट प्राप्त किया गया था. इसके आधार पर शुक्रवार सुबह सभी चिन्हित ठिकानों पर एक साथ छापेमारी शुरू की गई. कार्रवाई के दौरान चल-अचल संपत्ति, बैंकिंग लेनदेन, निवेश और वित्तीय अभिलेखों की जांच की गयी.

5 अगस्त को दर्ज हुआ था मामला

छापेमारी का नेतृत्व कर रहे ईओयू अधिकारी जनीफ उद्दीन ने बताया कि अजित अमर के खिलाफ 5 अगस्त 2026 को आर्थिक अपराध इकाई, पटना में मामला दर्ज किया गया था. न्यायालय की अनुमति मिलने के बाद सहरसा, सीवान और छपरा में एक साथ कार्रवाई की गई. तलाशी के दौरान प्राप्त दस्तावेजों का विभागीय एवं वित्तीय स्तर पर परीक्षण किया जायेगा.

प्रारंभिक जांच में 72 प्रतिशत अधिक संपत्ति का दावा

ईओयू के डीएसपी मिथिलेश कुमार जायसवाल ने बताया कि प्रारंभिक जांच एवं सत्यापन में अधिकारी के पास उनकी ज्ञात आय की तुलना में लगभग 72 प्रतिशत अधिक संपत्ति होने के संकेत मिले हैं. इसी आधार पर मामला दर्ज किया गया. उन्होंने कहा कि सभी दस्तावेजों और वित्तीय अभिलेखों का विस्तृत मूल्यांकन जारी है.

चार स्थानों पर चली एक साथ जांच

ईओयू के अनुसार सीवान स्थित पैतृक आवास, छपरा के पूर्व पदस्थापन स्थल, सहरसा के नया बाजार स्थित किराये के मकान तथा जिला कार्यक्रम पदाधिकारी कार्यालय में एक साथ तलाशी ली गई. सहरसा स्थित आवास से कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और अन्य सामग्री मिली है, जबकि डीपीओ कार्यालय से विभागीय अभिलेखों की जांच की गई.

बैंक खातों और निवेश का होगा सत्यापन

जांच टीम बैंक खातों, निवेश, अचल संपत्तियों और अन्य वित्तीय लेनदेन का सत्यापन कर रही है. अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों के परीक्षण के बाद ही संपत्ति के वास्तविक मूल्य और उसकी वैधता पर अंतिम निष्कर्ष निकाला जाएगा. यदि जांच में अन्य तथ्य सामने आते हैं तो उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जायेगी.

पांच घंटे तक चली कार्रवाई

Saharsa EOU Raid: सहरसा में ईओयू की कार्रवाई करीब पांच घंटे तक चली. इस दौरान नया बाजार स्थित आवास और डीपीओ कार्यालय के बाहर लोगों की भीड़ लगी रही. अधिकारियों ने दस्तावेजों और वित्तीय रिकॉर्ड की विस्तृत जांच की. फिलहाल बरामद सामग्री की विस्तृत सूची सार्वजनिक नहीं की गई है. ईओयू का कहना है कि जांच अभी जारी है और सभी दस्तावेजों के विश्लेषण के बाद आगे की कार्रवाई की जायेगी.

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By Prabhat khabar news desk

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