शनिवार को नबादा गांव के बहुसंख्यक मतदाताओं ने दीवार लेखन करने वाले कर्मी को बना लिया था बंधक
चौथम : प्रखंड के दर्जनों मतदान केंद्र ऐसे हैं जहां मतदाताओं की सुविधा की अनदेखी की गयी है. मतदान केन्द्र पर मतदाताओं के सुविधा के बाबत आवश्यक सेवा शर्त पूरा नहीं करने के बावजूद केन्द्र बरकरार रखा गया, जबकि प्रक्रिया के तहत मतदान केन्द्र के अंतिम प्रकाशन के पूर्व दावा आपत्ति की निर्धारण तिथि के तहत मतदान केन्द्र में व्याप्त असुविधा के संदर्भ में मतदाताओं के द्वारा दावा आपत्ति भी की गयी थी.
मतदाताओं के दावा आपत्ति की अनदेखी कर मतदान केन्द्र का अंतिम प्रकाशन कर दिया गया. मतदान केन्द्रों के अंतिम प्रकाशन के बाद क्षेत्र के मतदाताओं ने इसकी शिकायत राज्य चुनाव आयोग, जिलाधिकारी सहित प्रखंड निर्वाची पदाधिकारी से की, लेकिन परिणाम नहीं निकला. इसके विरोध में बीते शनिवार को नबादा गांव के बहुसंख्यक मतदाताओं ने मतदान केन्द्र के दीवार लेखन करने वाले कर्मी को बंधक बना लिया था.
वहीं तेलौंछ पंचायत अंतर्गत फर्रेह गांव के अनुसूचित जाति टोला बैठका स्थित केन्द्र संख्या 105 क्षेत्र संख्या 11 कमरा रहित खुला है. जहां मतदाताओं के खड़े रहने का भी जगह नहीं है. जबकि मतदान केन्द्र के कुछ ही दूरी पर हरिजन एवं अल्पसंख्यक बाहुल गांव फकीर टोला स्थित प्राथमिक विद्यालय मतदान केन्द्र के सारी सुविधा उपलब्ध है.
पंचायत के पूर्व मुखिया राजीव सिन्हा ने ससमय सैकड़ों मतदाताओं से हस्तांतरित आवेदन चुनाव आयोग, जिलाधिकारी सहित प्रखंड निर्वाची पदाधिकारी को दिया था. इसके बावजूद मतदाताओं की समस्या पर ध्यान नहीं दिया गया.
