जिस मुखिया की कुरसी आरक्षण में फेरबदल में चली गयी, वे जिला परिषद में अपना भाग्य आजमाना चाह रहे
प्रखंड क्षेत्र में बढ़ी चुनाव की सरगरमी
सतरकटैया : पंचायत चुनाव की आहट सुनते ही मालिक का ख्वाब देखने वाले कई सफेदपोशों ने मजदूरों से भी गुजारिश करना शुरू कर दिये हैं. निर्वाचन आयोग की घोषणा के अनुसार प्रखंड क्षेत्र में मई माह में पंचायत चुनाव होने की संभावना बन रही है, लेकिन अभी से पंचायत सरकार में अपनी जगह बनाने का सपना देखने वाले लोगों ने जनता से संपर्क करना शुरू कर दिया है. सफेदपोशों के द्वारा जनता से सिर्फ एक ही गुजारिश की जाती है
मुझे एक बार मौका तो देकर देखिये. आपके परामर्श के बगैर कोई काम नहीं होगा. पद की गरिमा व जनता के सुख-दुख का ध्यान जरूर रखूंगा. दूसरी तरफ चुनाव आयोग द्वारा पंचायत निर्वाचन में सीटों के आरक्षण को लेकर किये गये फेरबदल से कई दिग्गजों की कुरसी चली गयी है, लेकिन वह भी हिम्मत हारने को तैयार नहीं हैं. जिस मुखिया की कुरसी आरक्षण में फेरबदल में चली गयी है. वे जिला परिषद में अपना भाग्य आजमाना चाह रहे हैं.
कुछ ऐसे भी पंचायत हैं, जहां पति की जगह अब पत्नी को चुनाव लड़ाने की तैयारी की जा रही है. प्रमुख पद के लिए अनारक्षित अन्य तथा जिला परिषद पूर्वी अनारक्षित अन्य तथा पश्चिमी के लिए अनारक्षित महिला पद का निर्माण किया गया है. जानकारी के अनुसार पंचायत चुनाव के लिए इस प्रकार से आरक्षण रोस्टर का निर्माण किया गया है.
