मजदूरी को चले शाही सवारकोसी क्षेत्र में मध्यम वर्ग के अधिकांश परिवार नाव, घोड़ा गाड़ी, बैल गाड़ी, हल चलाने आदि में निपुण होते हैं. खेती व मवेशी से इनका गहरा रिश्ता होता है. सहरसा के बलवाहाट ओपी के सिसौनी गांव निवासी मो जावेद अपने तीन बच्चों के साथ टमटम पर सवार होकर मजदूरी करने निकल पड़े हैं. इनका मासूम पुत्र घोड़े की लगाम पकड़ टमटम को फर्राटे दौड़ा रहा है. फोटो । अजय कुमार
मजदूरी को चले शाही सवार
मजदूरी को चले शाही सवारकोसी क्षेत्र में मध्यम वर्ग के अधिकांश परिवार नाव, घोड़ा गाड़ी, बैल गाड़ी, हल चलाने आदि में निपुण होते हैं. खेती व मवेशी से इनका गहरा रिश्ता होता है. सहरसा के बलवाहाट ओपी के सिसौनी गांव निवासी मो जावेद अपने तीन बच्चों के साथ टमटम पर सवार होकर मजदूरी करने निकल […]
