मधेपुरा : मौसम अभी लगातार करवट बदल रहा है. कभी सर्दी, तो गर्मी महसूस होती है. दिन में लोग अपने गर्म कपड़े उतार देते हैं, लेकिन अचानक सूरज बादलों में छिप जाता है और शाम में ठंड लगने लगती है.
मौसम का अचानक यह रूप लोगों को सर्दी का अहसास कराता है. बताया जा रहा है कि हिमालय रेंज में बार-बार होने वाली बर्फबारी से मैदानी इलाके का मौसम लगातार बदल रहा है. कभी तेज ठंडी हवा चलने लगती है, तो कभी बारिश की छटाक होने लगती है, तो कभी तेज धूप निकल आती है.
मौसम यह बदलता रूप लोगों की सेहत पर भारी पड़ रहा है. फीवर और सर्दी-खांसी के मरीजों में 20 से 30 प्रतिशत तक इजाफा हो गया है. डॉक्टरों का कहना है कि हर साल जाती हुई सर्दी लोगों को बीमार करती है, इसलिए इसे हल्के में नहीं लें.
अभी बनी रहेगी परेशानी: डॉक्टर असीम प्रकाश ने कहा कि जब मौसम बदलता है तो उसके साथ बॉडी का सिस्टम भी बदलता है, लेकिन जब थोड़े-थोड़े समय में यह बदलाव आता है तो बॉडी का सिस्टम नहीं बदल पाता है और लोग बीमार हो जाते हैं.
अभी सर्दी का मौसम खत्म नहीं हुआ है. कभी सर्दी और कभी अचानक गर्मी का यह रूप सेहत के लिए अच्छा नहीं है. जब मौसम सर्दी से गर्मी की ओर जाता है तो बीमारियां होने की संभावना बढ़ जाती है. मौसम के बदलते मिजाज से लोगों के खान-पान के साथ रहन-सहन में भी काफी बदलाव आता है.
हर्ट अटैक की रहती है संभावना
डॉक्टर एल के लक्ष्मण ने कहा कि गर्मी की आहट सुनते ही लोग कोल्ड ड्रिंक्स, जूस और आइसक्रीम लेने लगते हैं. कुछ लोग तो केवल टी-शर्ट पहनने लगते हैं. लेकिन मौसम का बदलाव उन्हें फीवर, जुकाम, खांसी, बुखार और सांस का रोगी बना सकता है. कार्डियोलॉजिस्ट डॉक्टर जयंत आशीष का कहना है कि ऐसे मौसम में शुगर और बीपी के मरीजों को हार्ट अटैक होने की संभावना बढ़ जाती है.
