फोरलेन संपर्क पथ पर कुशवाहा छात्रावास की बगल से पानी टंकी की तरफ जाती है उक्त सड़क
छिनतई की घटना से लोग रहते हैं सशंकित
डेहरी कार्यालय : शहर के बीच से गुजरे फोरलेन के दक्षिणी हिस्से में कुशवाहा छात्रावास के बगल से निकली गली जो डीहवार बाबा गली के नाम से जानी जाती है, में रात में प्रकाश की कोई व्यवस्था नहीं है. इससे मोहल्लेवासियों को रात में अपने घरों से निकलना काफी कष्टकर हो गया है.
यह सड़क अंदर ही अंदर पानी टंकी तक जाती है. इसमें से कई गलियां भी निकली है. अंतरराज्यीय बस पड़ाव के बगल से निकली इस मुख्य सड़क से होकर उन गलियों में रहने वाले लोगों को भी रात में आना-जाना पड़ता है. गली में अंधेरे का लाभ आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों बखूबी उठाते हैं. पहले कई बार उक्त गली व बस पड़ाव के आसपास के इलाकों में छिनतई की घटनाएं हो चुकी है. अपराधियों द्वारा घटना को अंजाम देने के बाद उक्त गली में अंधेरे का लाभ उठाकर सुरक्षित भाग निकलते हैं.
इसी
डर से लोग इस रास्ते घरों से नहीं निकलते हैं.
कुछ दिन तक हटा था लोगों के मन से भय
मुहल्ले के बुद्धिजीवियों ने विष्णु सिंह के नेतृत्व में चंदा इकट्ठा कर विभिन्न जगहों पर करीब 10 बल्ब लगवाये थे, जिसके कारण सड़क पर अंधेरे का भय लोगों के मन से हट गया था. लोग रात में भी सड़क पर बेधड़क आते-जाते थे, लेकिन वह सारे के सारे बल्ब फ्यूज होते गये और एक बार पुनः इस सड़क पर अंधेरे का साम्राज्य स्थापित हो गया है.
सड़क पर अतिक्रमण के कारण भी दिक्कत
यह सड़क अतिक्रमण के कारण कहीं 15 फुट तो कहीं तीन फुट चौड़ी दिखती है. सड़क से अतक्रिमण हटाने व मरम्मत कराने के लिए भी स्थानीय लोग कई बार गुहार लगा चुके हैं. परंतु अब तक समस्या जस की तस बनी हुई है. लोगों का कहना है कि मुहल्ले की सड़क पर लोगों को अंधेरे से बचाव के लिए 30 से 40 स्ट्रीट लाइटों की आवश्यकता है.
