पूर्णिया. पूर्णिया विवि के कुलपति प्रो. विवेकानंद सिंह ने बुधवार को हाईकोर्ट में उपस्थित होकर विवि का पक्ष रखा और अदालत को यकीन दिलाया कि अदालत के निर्देश विवि के लिए सर्वोपरि हैं. दरअसल, वर्ष 2019 के पुराने केस में हाईकोर्ट ने कुलपति को स्वयं उपस्थित होने का आदेश दिया था. अदालत के इस आदेश का सम्मान करते हुए पूर्णिया विवि के कुलपति प्रो. विवेकानंद सिंह हाईकोर्ट में उपस्थित हुए. पटना से लौटने के दौरान मोबाइल पर संपर्क करने पर कुलपति प्रो.विवेकानंद सिंह ने बताया कि हाईकोर्ट में उनकी बातों को बिंदुवार सुना गया. हाईकोर्ट ने निर्देश दिया कि जितने भी केस हैं, उनमें समय पर रिप्लाई दें. हाईकोर्ट ने यह भी कहा कि अच्छा पैनल तैयार करिये. कुलपति प्रो. विवेकानंद सिंह ने फिर से यह बात दोहरायी कि हाईकोर्ट में भी यह स्पष्ट हो गया कि डेट पर पैनल वकील की अनुपस्थिति के कारण ही कुलपति को स्वयं उपस्थित होने का निर्देश हाईकोर्ट ने दिया था. गौरतलब है कि एक संबद्ध कॉलेज के अंगीभूत होने के बाद उनके शिक्षक व कर्मी के नियमितीकरण से जुड़ा यह मामला है. अग्रवाल कमीशन और एसबी सिन्हा कमीशन के आधार पर नियमितीकरण का यह विषय आया. इस आलोक में आरएल कॉलेज से जुड़े एक कर्मी ने अपने नियमितीकरण का दावा किया. इस आलोक में वर्ष 2019 में हाईकोर्ट ने पूर्णिया विवि को नोटिस किया और तब से पूर्णिया विवि इस केस में अपना पक्ष रख रहा है.
पुराने केस में हाईकोर्ट में पेश हुए पूर्णिया विवि के कुलपति, अच्छा पैनल तैयार करने का मिला निर्देश
अच्छा पैनल तैयार करने का मिला निर्देश
