पूर्णिया में बंधकों को छुड़ाने गयी पुलिस टीम पर हमला, 37 नामजद और 200 अज्ञात पर केस दर्ज

Purnia News: पूर्णिया के धमदाहा में जमीन विवाद ने हिंसक रूप ले लिया. बंधक बनाए गए लोगों को छुड़ाने पहुंची पुलिस टीम पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया, जिसमें महिला सिपाहियों समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गये. अब पुलिस ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है.

Purnia News: पूर्णिया के धमदाहा से आशीष सिंह की रिपोर्ट. पूर्णिया जिले के धमदाहा थाना क्षेत्र स्थित अंण्डी टोला में पुलिस टीम पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने 37 नामजद और 200 से अधिक अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है. घटना के बाद इलाके में तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए मजिस्ट्रेट के साथ अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गयी है. पुलिस लगातार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है.

जमीन विवाद में बढ़ा तनाव

जानकारी के अनुसार शनिवार सुबह अंण्डी टोला में दो पक्षों के बीच जमीन विवाद को लेकर विवाद शुरू हुआ था. देखते ही देखते मामला हिंसक झड़प में बदल गया. आरोप है कि एक पक्ष ने दूसरे पक्ष के दो लोगों को बंधक बना लिया था और धारदार हथियार से हमला करने की कोशिश की जा रही थी.

घटना की सूचना मिलने के बाद धमदाहा थाना की पुलिस टीम मौके पर पहुंची. पुलिस का उद्देश्य बंधक बनाए गए लोगों को सुरक्षित छुड़ाना था, लेकिन हालात अचानक बिगड़ गये.

पुलिस टीम पर हमला, महिला सिपाही घायल

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक जैसे ही पुलिस टीम गांव पहुंची, दूसरे पक्ष के लोगों ने पुलिस पर हमला कर दिया. इस हमले में दो महिला सिपाही समेत चार पुलिसकर्मी घायल हो गये. हमले के दौरान इलाके में अफरातफरी की स्थिति बन गयी.

घायल पुलिसकर्मियों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया. घटना के बाद पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया और अतिरिक्त बल को तुरंत मौके पर रवाना किया गया.

37 नामजद और 200 अज्ञात पर केस

धमदाहा थानाध्यक्ष Ravishankar Kumar ने बताया कि मामले में 37 लोगों को नामजद अभियुक्त बनाया गया है, जबकि 200 से अधिक अज्ञात लोगों के खिलाफ भी प्राथमिकी दर्ज की गयी है.

उन्होंने कहा कि सभी आरोपियों की पहचान की जा रही है और गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है.

गांव में पुलिस और मजिस्ट्रेट तैनात

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अंण्डी टोला में मजिस्ट्रेट के साथ भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया है. प्रशासन इलाके में लगातार निगरानी कर रहा है ताकि दोबारा किसी तरह की हिंसक घटना न हो.

स्थानीय लोगों के अनुसार गांव में फिलहाल तनाव का माहौल है, लेकिन प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है.

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लेखक के बारे में

Published by: Pratyush Prashant

महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय से पत्रकारिता में एम.ए. तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) से मीडिया और जेंडर में एमफिल-पीएचडी के दौरान जेंडर संवेदनशीलता पर निरंतर लेखन. जेंडर विषयक लेखन के लिए लगातार तीन वर्षों तक लाडली मीडिया अवार्ड से सम्मानित रहे. The Credible History वेबसाइट और यूट्यूब चैनल के लिए कंटेंट राइटर और रिसर्चर के रूप में तीन वर्षों का अनुभव. वर्तमान में प्रभात खबर डिजिटल, बिहार में राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लेखन कर रहे हैं. किताबें पढ़ने, वायलिन बजाने और कला-साहित्य में गहरी रुचि रखते हैं तथा बिहार को सामाजिक, सांस्कृतिक और राजनीतिक दृष्टि से समझने में विशेष दिलचस्पी.

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