जलालगढ़. राष्ट्रीय फोरम जोरहट असम के आह्वान पर केवीके इम्पलाएज एसोसिएशन बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर के तत्वावधान में जलालगढ़ स्थित केवीके में मंगलवार को एकदिवसीय कलमबंद हड़ताल की गयी. प्रमुख मांगों में वैज्ञानिक एवं कर्मचारियों को चिकित्सा भत्ता, एनपीएस तथा प्रमोशन को फिर से लागू करने आदि की मांग शामिल है. बताया कि कृषि विज्ञान केन्द्र की स्थापना कृषि तकनीकों के हस्तांतरण, अधिक अन्न उत्पादन, एवं किसानों के खुशहाली के लिए की गयी है जिसमे कृषि विज्ञान केन्द्रों के वैज्ञानिकों एवं कर्मचारियों द्वारा बखूबी यह कार्य किया जा रहा है .परंतु भारत सरकार एवं बिहार कृषि विश्वविद्यालय सबौर की दोहरी नीति के फलस्वरूप हम कार्यो का बहिष्कार एवं एवं हड़ताल करने को बाध्य हैं. आगामी होनेवाले विकसित कृषि संकल्प अभियान 3-18 अक्तूबर तक का भी बहिष्कार पूरे भारत वर्ष में कृषि विज्ञान केंद्रों द्वारा किया जाना है . इस कार्यक्रम में केंद्र के वरीय वैज्ञानिक एवं प्रधान डॉ के एम सिंह, वैज्ञानिकगण डॉ गोविंद कुमार, डॉ संगीता मेहता, डॉ आतिश सागर, डॉ राबिया परवीन, डॉ संतोष कुमार, अनामिका कुमारी, कर्मचारी गण अजित चौधरी, संजय कुमार, सुशील कुमार, सतीश कुमार शामिल रहे.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
