पूर्णिया जिले के अमौर प्रखंड में ग्राम रक्षा दल के सदस्यों के लिए प्रस्तावित 30 दिवसीय गैर-आवासीय (Non-Residential) प्रशिक्षण कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर रविवार को एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया. बैठक में प्रशिक्षण की रूपरेखा, सदस्यों की अनिवार्य सहभागिता और प्रशिक्षण के दौरान दी जाने वाली सुरक्षा संबंधी जिम्मेदारियों पर विस्तार से चर्चा हुई. कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम रक्षा दल के प्रखंड अध्यक्ष गिरधारी विश्वास ने की.
प्रशिक्षण से सदस्यों की कार्यक्षमता और जागरूकता बढ़ेगी: राजेश कुमार वर्मा
बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए ग्राम रक्षा दल के जिला अध्यक्ष राजेश कुमार वर्मा ने सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा कि गांवों में सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ करने, स्थानीय पुलिस-प्रशासन का सहयोग करने तथा किसी भी आपदा या आपातकालीन स्थिति में आम जनता की मदद करने में ग्राम रक्षा दल की भूमिका बेहद अहम है. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा आयोजित इस 30 दिवसीय गैर-आवासीय प्रशिक्षण से सदस्यों की कार्यक्षमता में इजाफा होगा और वे अपनी जिम्मेदारियों को अधिक प्रभावी ढंग से निभा सकेंगे. उन्होंने सभी सदस्यों से पूरे अनुशासन और गंभीरता के साथ प्रशिक्षण सत्रों में भाग लेने की अपील की.
पुलिस-प्रशासन से तालमेल बैठाकर काम करने पर जोर
प्रखंड अध्यक्ष गिरधारी विश्वास ने कहा कि यह प्रशिक्षण सदस्यों के लिए एक बड़ा अवसर है, जिससे उन्हें विषम परिस्थितियों से निपटने का व्यावहारिक ज्ञान मिलेगा. उन्होंने प्रखंड क्षेत्र के सभी ग्राम रक्षा दल सदस्यों से अनिवार्य रूप से प्रशिक्षण में भाग लेने का आह्वान किया. बैठक के दौरान उपस्थित सदस्यों ने भी अपने-अपने सुझाव रखे और प्रशिक्षण को सफल बनाने का संकल्प लिया.
बैठक में ये लोग रहे मौजूद
इस मौके पर बिरेन्द्र प्रसाद साह, गोविन्द विश्वास, कमलदेव विश्वास, बुधलाल दास, अफजाल अंसारी, चमन लाल मंडल, विमलेश कुमार, ललिता देवी, उषा देवी, रुबी देवी, मीरा देवी, उमेश कुमार विश्वास, नीरज कुमार, मुनेश्वर विश्वास और आशा देवी सहित बड़ी संख्या में ग्राम रक्षा दल के सदस्य मौजूद रहे.
