राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल (जीएमसीएच), पूर्णिया में आज शनिवार को ओपीडी सेवाओं के तहत शिशु रोग (पीडियाट्रिक) विभाग पर विशेष ध्यान दिया गया है. सप्ताह के आखिरी कार्य दिवस पर बच्चों में मौसमी बीमारियों के बढ़ते मामलों को देखते हुए अस्पताल प्रबंधन ने पीडिया विभाग की ओपीडी में तीन विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती की है. इसके साथ ही गायनी (स्त्री एवं प्रसव रोग) विभाग में दो महिला डॉक्टर गर्भवती महिलाओं और अन्य मरीजों को चिकित्सकीय परामर्श व सुझाव देंगी. सर्जरी सहित अन्य सभी प्रमुख विभागों में भी डॉक्टरों का रोस्टर जारी कर दिया गया है.
इन विभागों में भी तैनात रहेंगे विशेषज्ञ चिकित्सक
अस्पताल प्रशासन से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार, ओपीडी में आने वाले सामान्य और गंभीर मरीजों की सहूलियत के लिए स्वास्थ्य सेवाएं चाक-चौबंद की गई हैं:
- सर्जरी व ऑर्थो विभाग: सर्जरी विभाग में दो डॉक्टर अपनी सेवाएं देंगे, जबकि हड्डी से जुड़ी समस्याओं (फ्रेक्चर, जोड़ों का दर्द) के लिए ऑर्थोपेडिक विभाग में डॉक्टर मौजूद रहेंगे.
- विशेषज्ञ सेवाएं: इसके अलावा जेनरल हेल्थ (बुखार, बीपी, शुगर) के लिए मेडिसिन विभाग, त्वचा से जुड़ी दिक्कतों के लिए स्किन, आंख, इएनटी (कान-नाक-गला), मानसिक रोग एवं दंत रोग विभाग में भी विशेषज्ञ चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई गई है.
जीएमसीएच पूर्णिया: शनिवार का डॉक्टर ड्यूटी रोस्टर
शनिवार को जीएमसीएच की ओपीडी में सेवा देने वाले चिकित्सकों की सूची विभागवार इस प्रकार है:
| विभाग (Department) | तैनात चिकित्सक का नाम (Doctor's Name) |
| पीडियाट्रिक (शिशु रोग) | डॉ. अनिमेश कुमार, डॉ. अनवेशा, डॉ. शकीब अहमद |
| गायनी (स्त्री एवं प्रसव रोग) | डॉ. नीतू भारती, डॉ. डिम्पल रानी |
| मेडिसिन (सामान्य रोग) | डॉ. पंकज |
| सर्जरी (शल्य चिकित्सा) | डॉ. मीरा, डॉ. आशीष साहू |
| ऑर्थोपेडिक (हड्डी रोग) | डॉ. रवि बाबू |
| स्किन (त्वचा रोग) | डॉ. जॉली |
| इएनटी (कान, नाक, गला) | डॉ. ज्योति |
| नेत्र रोग (Eye Specialist) | डॉ. सबा परवीन |
| दंत रोग (Dentist) | डॉ. रंजना गुप्ता |
| मानसिक रोग (Psychiatrist) | डॉ. नायाब अंजुम |
ओपीडी एवं रजिस्ट्रेशन का समय नोट कर लें
दूर-दराज से आने वाले मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए अस्पताल प्रबंधन ने ओपीडी और पर्चा (रजिस्ट्रेशन) काउंटर का समय निर्धारित किया है:
- ओपीडी संचालन का समय:
- रजिस्ट्रेशन काउंटर का समय:
अस्पताल अधीक्षक ने मरीजों से अपील की है कि वे समय सारणी के अनुसार ही अस्पताल पहुंचकर अपना निबंधन करा लें, ताकि कतारों में अधिक समय न बिताना पड़े और समय पर उचित इलाज मिल सके.
