सीमांचल के सबसे बड़े सरकारी स्वास्थ्य केंद्र 'राजकीय चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल' (GMCH), पूर्णिया में मंगलवार को इलाज कराने आने वाले मरीजों के लिए राहत भरी खबर है. आज अस्पताल की आउटडोर पेशेंट डिपार्टमेंट (OPD) में 10 अलग-अलग प्रमुख विभागों के दर्जन भर से भी अधिक विशेषज्ञ चिकित्सक अपनी सेवाएं देंगे. बदलते मौसम के कारण छोटे बच्चों में बढ़ रही बीमारियों को ध्यान में रखते हुए शिशु रोग (पीडियाट्रिक) विभाग में विशेष रूप से तीन डॉक्टरों की तैनाती की गई है.
मौसमी बीमारियों को देखते हुए शिशु और गायनी विभाग पर विशेष ध्यान
जीएमसीएच प्रशासन की ओर से जारी रोस्टर के अनुसार, मरीजों की सहूलियत के लिए ओपीडी के अलग-अलग काउंटरों पर चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई गई है:
- शिशु रोग (Pediatric) विभाग: मौसम में आ रहे उतार-चढ़ाव और इंफेक्शन के कारण बच्चों के इलाज के लिए तीन डॉक्टरों को तैनात किया गया है.
- गायनी और सर्जरी: प्रसूति व स्त्री रोग (Gynecology) और शल्य चिकित्सा (Surgery) विभाग में दो-दो डॉक्टर उपलब्ध रहेंगे.
- अन्य विभाग: मेडिसिन, ऑर्थोपेडिक (हड्डी), स्किन, ईएनटी, डेंटल (दंत) और आई (नेत्र) विभाग में एक-एक विशेषज्ञ डॉक्टर मरीजों की जांच कर उन्हें आवश्यक परामर्श व दवाएं देंगे.
- मनोरोग (Psychiatry) विभाग: मानसिक स्वास्थ्य से जूझ रहे मरीजों के लिए मनोरोग विभाग भी पूर्ण रूप से कार्यरत रहेगा, जहाँ विशेषज्ञों द्वारा मरीजों की काउंसलिंग और उपचार किया जाएगा.
जीएमसीएच पूर्णिया: मंगलवार की ओपीडी डॉक्टर ड्यूटी लिस्ट
अस्पताल आने वाले मरीज अपने संबंधित विभाग के डॉक्टर का नाम और शेड्यूल नीचे तालिका में देख सकते हैं:
| विभाग (Department) | तैनात चिकित्सक (Doctor's Name) |
| मेडिसिन (General Medicine) | डॉ. पंकज |
| गायनी (Gynecology & Obstetrics) | डॉ. प्रियंका, डॉ. निक्की |
| सर्जरी (General Surgery) | डॉ. मीरा, डॉ. आशीष साहू |
| ऑर्थोपेडिक (Orthopedics) | डॉ. डी.के. यादव |
| पीडियाट्रिक (Pediatric/शिशु रोग) | डॉ. राजू कुमार, डॉ. राजेश कुमार, डॉ. रवि रंजन |
| स्किन (Dermatology/त्वचा रोग) | डॉ. मासूम रजा |
| ईएनटी (ENT/कान, नाक, गला) | डॉ. ज्योति |
| नेत्र रोग (Ophthalmology) | डॉ. प्रज्ञा प्रसून |
| दंत रोग (Dental) | डॉ. रंजना गुप्ता |
| मानसिक रोग (Psychiatry) | डॉ. नायाब अंजुम |
ओपीडी और पर्चा (रजिस्ट्रेशन) का समय
अस्पताल में भीड़ से बचने और समय पर डॉक्टर से परामर्श लेने के लिए मरीज काउंटर खुलने के समय का विशेष ध्यान रखें:
- ओपीडी संचालन का समय:
- रजिस्ट्रेशन (पर्चा कटने) का समय:
