आज भी सड़क किनारे रहने को मजबूर हैं नदी कटाव से विस्थापित परिवार

बैसा

बैसा (पूर्णिया). प्रखंड के सिरसी पंचायत अन्तर्गत नदी कटाव के दर्जनों पीड़ित व विस्थापित परिवार सड़क किनारे रहने को मजबूर है. पिछले वर्ष आई भीषण बाढ़ एवं नदी कटाव के चलते सिरसी पंचायत के मलहाना, मठुआ टोली, हिजली, काशी बाड़ी, आदि गांवों के दर्जनों परिवार नदी कटाव की चपेट में आ गये थे. सभी सिरसी हाट से दुलागंज जाने वाली मुख्य पक्की सड़क के किनारे झुग्गी-झोंपड़ी बनाकर शरण लिए हुए हैं. नदी कटाव के चलते सभी परिवार भुमिहीन हो गये हैं. इन सब परिवारों के पास अब कोई ऐसा कोई विकल्प नहीं बचा है कि दोबारा अपना-अपना आशियाना बना सके. इस भीषण ठंड में सभी परिवार बेहाल है क्योंकि सभी परिवार प्रदेश में दैनिक मजदूरी कर अपने परिवार का भरण-पोषण करते हैं. यह विडम्बना है कि पीड़ित परिवारों को सरकार की ओर से अब तक किसी भी तरह का कोई मुआवजा नहीं मिला है. आलम यह है कि पीड़ित परिवारों ने कई बार स्थानीय विधायक एवं सांसद सहित संबंधित विभाग के अधिकारियों को अपना दर्द सुनाया पर इसके बावजूद पीड़ित परिवारों को किसी भी प्रकार की सुविधा नहीं मिली है. सिरसी पंचायत के मुखिया हसनैन आलम, पैक्स अध्यक्ष मो इबादुर्रहमान ने बताया कि चुनावी मौसम में विधायक और सांसद क्षेत्र के लोगों के लिए बड़े-बड़े वादे करते हैं परंतु पिछले कई से माह से विस्थापित ऐसे परिवारों का कोई हाल लेने वाला नहीं है. कई बार संबंधित विभाग के अधिकारियों सहित विधायक एवं सांसद को पीड़ित परिवारों की समस्याओं से अवगत कराया जा चुका है.मगर, हमेशा पीड़ित परिवारों को सिर्फ आश्वासन मिलता रहा. पीड़ित परिवारों ने फिर से एक बार जिला पदाधिकारी का इस ओर ध्यान आकृष्ट कराते समस्याओं का समाधान कराने की मांग की है.

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