पटना. शिक्षकों को अब क्लास में बच्चों को पढ़ाने से पहले उस चैप्टर का होमवर्क करके आना होगा. शिक्षक किसी चैप्टर को बच्चों को पढ़ाने से पहले खुद को करेंगे. इसको सफल बनाने के लिये इसे पाठ-टीका नाम दिया गया है. इसके तहत पढ़ाने से पहले और पढ़ाये गये विषय को डायरी में नोट करना शिक्षकों के लिए अनिवार्य है. जिला शिक्षा कार्यालय ने प्रधानाध्यापकों को दिये निर्देश में कहा है कि ऐसा देखा जाता है कि शिक्षक विषय को बिना पढ़े कक्षा में जाकर पढ़ाने लगते हैं. ऐसा करने से खास कर गणित और विज्ञान विषय में बच्चों के सवालों का सही जवाब उन्हें नहीं मिल पाता है. शिक्षक एक दिन पहले कक्षा में क्या पढ़ायेंगे वे पाठ-टीका तैयार करेंगे, यानी एक डायरी तैयार करेंगे.
शिक्षकों की उपस्थिति व मध्याह्न भोजन पर होगी विशेष नजर : मध्याह्न भोजन योजना के तहत मिल रहे भोजन से बच्चों को किसी तरह का नुकसान न हो इस पर भी विभाग नजर बनाये हुए है. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने सभी प्रधान शिक्षकों से कहा है कि बच्चों को भोजन देने से पहले खुद चख लें. अगर प्रधान शिक्षक उपलब्ध नहीं है तो संबंधित शिक्षक भोजन को चखेंगे. इसके बाद ही भोजन बच्चों को परोसा जायेगा. जहां भोजन बन रहा है वहां साफ-सफाई सुनिश्चित हो.
